उत्तराखंड की धर्मनगरी हरिद्वार में शादी के नाम पर लोगों से ठगी करने वाली गैंग का ठिकाना दिल्ली है। बुधवार को पकड़ी गई युवती से पूछताछ में ये बात निकलकर आई है। दिल्ली की दो युवतियों के नाम भी पुलिस को बताए गए हैं।
तलाश में पुलिस जुटी
पूरे प्रकरण में मुख्य भूमिका में रहे दंपति के परिचित विश्वास नाम के शख्स की तलाश में पुलिस जुट गई है। युवती फिलहाल जेल में हैं। लेकिन गैंग के तार कहां-कहां तक फैले हैं, ये उसे भी नहीं पता।
पुलिस को दी जानकारी में युवती ने बताया कि फर्जी दुल्हन का किरदार निभाने की एवज में उसे पांच हजार रुपए देने की बात तय हुई थी। वह चंद माह पहले फगवाड़ा (पंजाब) से दिल्ली चली गई थी।
दिल्ली रेलवे स्टेशन पर मिली दो युवतियां उसे अपने साथ ले गई। वह तब से उनके साथ ही थी। बकौल पुलिस वे युवतियां ही शादी के नाम पर ठगी का धंधा करती हैं। युवती ने पहले भी तीन बार फर्जी दुल्हन बनने की बात स्वीकारी है।
प्रकरण की विवेचनाधिकारी वेदपाल सिंह के मुताबिक जानपुर निवासी (सहारनपुर) विश्वास के गिरफ्त में आने पर युवतियों की पहचान हो पाएगी। लेकिन अब तक की जांच में इतना साफ हो गया कि दिल्ली से गैंग ऑपरेट की जाती है। विश्वास की गिरफ्तारी के लिए पुलिस सहारनपुर जाएगी।
यह था मामला
शंकर आश्रम तिराहे पर एक युवती के शोर मचाने पर एकत्रित व्यापारियों ने कारसवार महिला समेत तीन लोगों की पिटाई कर दी थी। युवती ने तीनों पर खाना खिलाने के बहाने अपहरण करने का आरोप लगाया था। चंद घंटे बाद पूरे मामले की तस्वीर ही बदल गई।
अपहरण के आरोपी बताए गए इस्लामनगर रामपुर मनिहारन (सहारनपुर) निवासी विनोद, उसकी पत्नी मिथलेश व भाई सिताब सिंह ने अपने परिचित विश्ववास को शादी कराने की एवज में 18 हजार रुपए देने की बात पुलिस को बताई। तब जाकर मामले का खुलासा हो पाया। पीड़ित विनोद की शिकायत पर युवती व विश्वास के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया था।