ब्यूरो/अमर उजाला/ऋषिकेश।
टूरिस्ट वीजा में निर्धारित समय सीमा का उल्लंघन कर स्वर्गाश्रम क्षेत्र में घूम रहे एक बांग्लादेशी टूरिस्ट को एलआईयू की सूचना पर पुलिस ने रविवार को दबोच लिया। पुलिस ने उसे पौड़ी न्यायालय में पेश किया, जहां से कोर्ट ने उसे जेल भेज दिया गया।
लक्ष्मणझूला पुलिस के मुताबिक बांग्लादेश स्थित गेहोगह पक्का रोड नारायण गंज सदर निवासी मोहम्मद मनीरुल हक पुत्र मोहम्मद हरनूर राशिद को भारतीय एंबेसी से बीते वर्ष 29 सितंबर को एक साल का टूरिस्ट वीजा जारी हुआ था। मनीरुल 29 सितंबर 2017 को भारत में पहुंचा। वीजा नियमों के मुताबिक 90 दिन बाद उसे स्वदेश लौटना था और इसके बाद वीजा संबंधी प्रक्रियाओं को पूरा करना था, लेकिन मनीरुल बांग्लादेश की बजाय भारत के विभिन्न शहरों में ही घूमता रहा। इसकी जानकारी लोकल इंटेलीजेंस यूनिट (एलआईयू) को मिली। एलआईयू की सूचना पर लक्ष्मणझूला पुलिस ने बीती देर रात पुलिस ने मनीरुल को रामझूला के समीप हेरिटेज पाथ आस्थापथ से पकड़ लिया। थानाध्यक्ष प्रदीप राणा ने बताया कि मनीरुल के पास से बांग्लादेशी करेंसी, एक मोबाइल व वीजा बरामद हुआ है। मनीरुल को पौड़ी न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया है।
उपराष्ट्रपति के दौरे के लिहाज से बड़ा है मामला
तीर्थनगरी ऋषिकेश के स्वर्गाश्रम स्थित परमार्थ निकेतन आश्रम में तीन मार्च को उपराष्ट्रपति वैंकेया नायडू का आगमन कार्यक्रम प्रस्तावित है। ऐसे में स्वर्गाश्रम क्षेत्र में वीजा शर्तों का उल्लंघन करते हुए बांग्लादेशी टूरिस्ट के पकड़ में आने से मामला काफी गंभीर हो जाता है। हालांकि, अधिकारियों ने किसी भी अप्रिय बात से इनकार किया है।
न कराया रजिस्ट्रेशन और न ही भरा सी फार्म
बांग्लादेशी मोहम्मद मनीरुल को नियम के मुताबिक किसी भी स्थान पर रुकने के दौरान फार्म -सी भरना था, लेकिन उसने कहीं भी यह फार्म नहीं भरा। एलआईयू के अनुसार वह सार्वजनिक स्थानों पर रुकता रहा। इसमें रेलवे स्टेशन, मजार आदि शामिल हैं। बताया कि ज्यादा दिन रुकने के लिए फौरन रजिस्ट्रेशन ऑफिसर के पास पंजीकरण कराना पड़ता है, लेकिन उसने एफआरओ के यहां रजिस्ट्रेशन भी नहीं कराया था।
इन स्थानों पर रुका था मनीरुल
एलआईयू के मुताबिक मोहम्मद मनीरुल देश के विभिन्न शहरों में घूम चुका है। इसमें राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली, मुंबई, अजमेर, शिरड़ी, हरिद्वार, ऋषिकेश और लक्ष्मणझूला आदि स्थान शामिल हैं। एलआईयू के अधिकारियों ने बताया कि मनीरुल सातवीं फेल है। उसने पूछताछ में ज्यादा पढ़ा लिखा नहीं होने के चलते नियमों की जानकारी होने से इनकार किया है। मनीरुल दो दिन पहले ही ऋषिकेश पहुंचा था।