प्रदेश के दून और हल्द्वानी मेडिकल कॉलेज में ही कोरोना मरीजों का इलाज प्लाज्मा थैरेपी से किया जा रहा है। अन्य कोविड अस्पतालों और कोविड हेल्थ सेंटरों में यह सुविधा नहीं है। विभाग का दावा है कि दून और हल्द्वानी मेडिकल कॉलेज में कोरोना संक्रमण से स्वस्थ हुए मरीज प्लाज्मा डोनेट कर रहे हैं। इससे आईसीयू में भर्ती मरीजों का उपचार किया जा रहा है।
चिकित्सा शिक्षा विभाग के निदेशक एवं अपर सचिव युगल किशोर पंत का कहना है कि कोरोना संक्रमण से स्वस्थ हुए जिन मरीजों के शरीर में एंटीबॉडी बन रही है। वे प्लाज्मा के लिए ब्लड दे रहे हैं। दून मेडिकल कॉलेज और सुशीला तिवारी मेडिकल कॉलेज प्लाज्मा थैरेपी में अच्छा काम कर रहे हैं।