अस्पताल के डॉक्टरों ने आईसीयू खाली न होने की बात कह कर उसे भर्ती करने से इंकार कर दिया। उसके बाद परिजन युवक को घर ले गए। शनिवार को युवक की तबीयत ज्यादा खराब हुई तो परिजन उसे लेकर पहले जौलीग्रांट स्थित हिमालयन अस्पताल और फिर पटेलनगर से श्री महंत इंद्रेश अस्पताल ले गए। दोनों जगह भी आईसीयू में बेड खाली न होने की बात कहकर मरीज को लौटा दिया गया।
जनप्रतिनिधियों के हस्तक्षेप पर युवक को शनिवार देर शाम दून अस्पताल में डाक्टरों को दिखाया गया। जहां डॉक्टरों ने युवक को मृत घोषित कर दिया। इस संबंध में कई बार कोशिश के बावजूद देर रात तक संबंधित अस्पतालों का पक्ष नहीं मिल पाया था। उनका पक्ष आने पर उसे भी प्रकाशित किया जाएगा।