प्रदेश सरकार ने ग्राम प्रधानों को सचेत किया है और उनसे रोज रिपोर्ट देने को कहा गया है। जिला पंचायत अधिकारियों के स्तर से यह फीडबैक लिया जा रहा है। गांवों में क्वारंटीन सेंटर आदि की व्यवस्था का सरकार पहले ही आदेश जारी कर चुकी है।
सियासत भी गरमाई, कांग्रेस मुखर
ग्रामीण क्षेत्रों में संक्रमण को लेकर भी प्रदेश में सियासत गरमा गई है। कांग्रेस इस मामले को लेकर खासी मुखर है। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह भी इस मामले को लेकर नाराजगी जाहिर कर चुके हैं।
पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत भी सरकार को कुुंभ के आयोजन को लेकर कठघरे में खड़ा कर चुके हैं। रावत का कहना है कि कुुुुंभ के अनियंत्रित आयोजन की वजह से गांवों में संक्रमण फैला है। इसके लिए प्रवासियों को दोष देना सही नहीं है।