रुद्रप्रयाग जिले में 72 फीसदी लोगों को कोरोना वैक्सीन की दूसरी डोज लग चुकी है, लेकिन 37 हजार का बैकलॉग बना हुआ है जो स्वास्थ्य विभाग के लिए चुनौती बना हुआ है। विभागीय स्तर पर इन लोगों के मोबाइल नंबर पर संपर्क किया जा रहा है, लेकिन अधिकांश का पता नहीं चल पा रहा है।
ढाई लाख की आबादी वाले जिले में कोरोना वैक्सीनेशन के लिए 18 से 44 व 45 से अधिक उम्र वर्ग में 1 लाख 71 हजार 271 लोगों को चिह्नित किया गया था। सभी चिह्नित को वैक्सीन की पहली डोज लग चुकी है। 1 लाख 18 हजार 674 को दूसरी डोज भी लगाई जा चुकी है, लेकिन 37 हजार लोग अब भी दूसरी डोज से वंचित हैं।
अधिकारियों का कहना है कि इन लोगों के मोबाइल पर निरंतर संपर्क किया जा रहा है, लेकिन जवाब नहीं मिल रहा है। स्थिति यह है कि 20 हजार मोबाइल नंबरों पर तो संपर्क ही नहीं हो पा रहा है। मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. बीके शुक्ला का कहना है कि जिले में कोरोना वैक्सीनेशन के दूसरे चरण में 37 हजार का बैकलॉग बना हुआ है। इस समस्या के चलते वैक्सीनेशन के शत-प्रतिशत लक्ष्य पूर्ति में दिक्कतें आ रही हैं।
उत्तराखंड में दिसंबर माह तक शत प्रतिशत कोविड टीकाकरण करने के प्रतिदिन वैक्सीन डोज लगाने का लक्ष्य बढ़ रहा है। वर्तमान में कोविड टीकाकरण की रफ्तार कम हुई है। लक्ष्य हासिल करने के लिए उत्तराखंड को प्रतिदिन 75 हजार वैक्सीन डोज लगानी होंगी।
सोशल डेवलपमेंट फॉर कम्युनिटी फाउंडेशन ने स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के आधार पर कोविड टीकाकरण की विश्लेषण रिपोर्ट जारी की है। प्रदेश सरकार ने दिसंबर महीने तक राज्य में 18 से अधिक आयु वर्ग में शत प्रतिशत वैक्सीनेशन करने का लक्ष्य रखा है।
प्रदेश में पिछले 50 दिनों में वैक्सीनेशन की स्थिति बहुत धीमी रही है और अब 2021 वर्ष के अंत तक अगले 50 दिनों में टारगेट पूरा हो पाना बेहद कठिन हो गया है। पिछले 10 दिनों में राज्य में हर रोज औसत मात्र 28 हजार वैक्सीन डोज दी गई हैं। जबकि 31 दिसंबर तक टारगेट पूरा करने के लिए अगले 50 दिन में हर रोज 75 हजार डोज देने की जरूरत पड़ेगी।
दिन - वैक्सीन डोज की संख्या
3 से 12 अक्तूबर - 243150
13 से 22 अक्तूबर - 242612
23 अक्तूबर से 1 नवंबर - 380917
2 से 11 नवंबर - 284611