मामले में टिहरी की जिलाधिकारी ने जांच के आदेश दे दिए हैं, लेकिन इस बीच फ्लोटिंग रेस्तरां के बहाने भाजपा और कांग्रेस के बीच बयानी जंग शुरू हो गई। भाजपा नेताओं ने रेस्तरां की खरीद और और पूर्व कांग्रेस सरकार की भूमिका को लेकर सवाल उठाए।
जवाब में कांग्रेस नेताओं ने भी पलटवार किया। पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत भी खुद को नहीं रोक पाए और उन्होंने बृहस्पतिवार को अपने फेसबुक पेज पर एक लंबी पोस्ट के जरिये भाजपा और प्रदेश सरकार पर कटाक्ष किए।
उन्होंने लिखा,‘भाजपा उत्तराखंड के दोस्तों पर एक कहावत शत-प्रतिशत चरितार्थ होती है, नाच न जाने आंगन टेढ़ा। टिहरी झील में फ्लोटिंग रेस्तरां आधा डूब गया, क्यों! क्योंकि रेस्तरां के नीचे का जलस्तर निरंतर घट रहा था।
घटते जलस्तर में रेस्तरां कैसे स्थिर रहता, यह सामान्य ज्ञान यदि न हो और आप उनको दें, जिन्होंने इन संसाधनों को उत्तराखंड के लिए जुटाया है, तो आपको क्या कहा जा सकता है। रावत ने आगे लिखा कि यदि रेस्तरां की पोजीशन समय पर शिफ्ट कर देते तो फ्लोटिंग रेस्तरां आज भी अपनी जगह पर खड़ा होता।
आपने मंत्रिमंडल की बैठक तक फ्लोटिंग रेस्तरां पर कर दी, लेकिन उपयोग की कार्यनीति नहीं बनाई। हमने वहां जल, थल और नभ तीनों के प्रशिक्षण के लिए एकेडमी बनाई है, आप उसका उपयोग नहीं कर पा रहे हैं।
पूर्व कांग्रेस सरकार पर घोटालों के आरोप को लेकर भी पूर्व मुख्यमंत्री ने भाजपा नेताओं पर प्रहार किए। उन्होंने कहा कि यदि घोटाले दिख रहे हैं तो सामने क्यों नहीं लाए जा रहे हैं? यदि किसी फ्लाईओवर पर एक्सीडेंट हो रहा है तो उसके लिए कांग्रेस सरकार को दोष देते हैं। वह कहते हैं कि हमने काम किया, मगर आप केवल बातें कर रहे हैं। वे चुनौती देते हैं कि आप एक काम बता दीजिए जो आपने किया?