न्यायिक मजिस्ट्रेट निशा देवी ने चेक बाउंस के मामले में परिवादी की अनुपस्थिति के कारण परिवाद खारिज कर दिया है। इसके साथ ही आरोपी सूर्यपाल सिंह भंडारी को दोषमुक्त कर दिया गया।
यह मामला शोभित कुमार बनाम सूर्यपाल सिंह भंडारी का था। परिवादी शोभित कुमार लगातार अनुपस्थित रहे। न्यायालय ने पाया कि वह पिछले एक वर्ष से अधिक समय से उपस्थित नहीं हुए। उनकी ओर से वाद में कोई पैरवी भी नहीं की जा रही थी। न्यायिक मजिस्ट्रेट निशा देवी ने कहा कि परिवादी अपने परिवाद को चलाने का इच्छुक नहीं प्रतीत होता है। इन तथ्यों के आधार पर परिवाद खारिज कर दिया गया। संवाद