मुख्यमंत्री हरीश रावत ने सड़क निर्माण कार्य के भुगतान में घोटाला होने पर पीएमजीएसवाई खंड पोखरी के तत्कालीनअधीक्षण अभियंता, अधिशासी अभियंता, सहायक अभियंता और अवर अभियंता को निलंबित करने के निर्देश दिए हैं।
रविवार को गोपेश्वर में जनता दरबार में बीडीसी सदस्य धर्मेंद्र नेगी ने वर्ष 2013 में मारवाड़ी-थेंग मोटर मार्ग के निर्माण कार्य के भुगतान में घोटाले का मामला उठाया था।
उनका कहना था कि तीन किमी सड़क निर्माण के एवज में ठेकेदार को आठ किमी तक की सड़क का भुगतान किया गया है। यह सड़क 10.5 किमी बननी है।
अभी कार्य तीन किमी पर ही अटका है। तीन किमी की सड़क भी मानकों के अनुसार नहीं बनी है। बीडीसी सदस्य ने बताया कि सूचना के अधिकार के तहत मांगी गई सूचना में इसका खुलासा हुआ है।