केदारनाथ धाम के कपाट सुबह सात बजे खुले। हजारों श्रद्धालु कपाट खुलने के गवाह बने। इस दौरान धाम में हेलिकॉप्टर से पुष्प वर्षा की गई। बाबा केदार के जयकारों और सेना की ग्रेनेडियर रेजीमेंट की बैंड धुनों से पूरा माहौल भक्तिमय हो गया। सुबह चार बजे से मंदिर परिसर तथा दर्शन पंक्ति में यात्रियों के आने का सिलसिला शुरू हो गया था।
बीकेटीसी अध्यक्ष अजेंद्र अजय, मंदिर के रावल भीमांशंकर लिंग, मुख्यकार्याधिकारी योगेंद्र सिंह, पुजारी, धर्माचार्य, वेदपाठी की अगुवाई में कपाट खोलने की प्रक्रिया शुरू की गई। सुबह सात बजे कपाट खोले गए। मां यमुना की डोली धाम में पहुंचने के बाद सुबह 10.29 बजे यमुनोत्री धाम के कपाट खोले गए। जबकि गंगोत्री धाम के कपाट 12.25 बजे विधि विधान से खुले। जिला प्रशासन के मुताबिक गंगोत्री धाम में पहले दिन 12 हजार से अधिक और यमुनोत्री धाम में 2500 श्रद्धालु पहुंचे।
तृतीय केदार तुंगनाथ के कपाट भी खुले
पंचकेदारों में प्रतिष्ठित तृतीय केदार तुंगनाथ मंदिर के कपाट मंत्रोचारण के साथ खोल दिए गए। इस मौके पर तुंगनाथ मंदिर को भव्य रूप से फूलों से सजाया गया था। कपाट खुलते समय ढाई हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने दर्शन किए। तुंगनाथ की उत्सव डोली चोपता से चल कर 10 बजे मंदिर पहुंची। 12 बजे मंदिर के कपाट श्रद्धालुओं के दर्शन के लिए खोल दिए गए।