राजधानी देहरादून में चकराता रोड के व्यापारी रि-डेवलपमेंट प्लान के विरोध में धरना प्रदर्शन कर रहे थे तो दूसरी तरफ तरफ एमडीडीए के वीसी मीडिया से प्लान की खासियत बता रहे थे। उन्होंने एक नक्शा जारी करके भविष्य के चकराता रोड की तस्वीर भी खींची। प्लान के बारे में अपना पक्ष भी रखा। उधर व्यापारियों में प्लान के विरोध में सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
व्यापारियों को नुकसान नहीं
चकराता रोड रि-डेवलपमेंट प्लान पर व्यापारियों के विरोध के बाद मसूरी देहरादून विकास प्राधिकरण ने भी अपना पक्ष रखा है। सोमवार को एक प्रेस कांफ्रेंस में एमडीडीए वीसी आर मीनाक्षी सुंदरम ने स्पष्ट किया कि प्लान से व्यापारियों को कोई नुकसान नहीं होगा।
प्लान के संबंध में भ्रम
उनका कहना है कि कुछ लोग बिना वजह प्लान के संबंध में भ्रम फैला रहे हैं। वीसी ने स्पष्ट किया कि हाईकोर्ट के निर्णय के अनुपालन में यह कदम उठाया जा रहा है। कहा कि काफी सोच विचार के बाद प्लान तैयार किया गया है। दावा किया कि रि-डेवलपमेंट प्लान आदर्श होगा। वीसी ने बताया कि 2011 के शासनादेश में कुछ खामियां थी, जिसके आधार पर चकराता रोड का विकास संभव नहीं था।
प्लान के खास बिंदु
-आठ फ्लोर की बहुमंजिली इमारतों का निर्माण
-सड़क पर दोनों तरफ छह-छह मीटर की सर्विस लेन
-पहले तीन फ्लोर स्थानीय दुकानदारों के लिए
-चौथे तल को डेवलपर के लिए आरक्षित किया जाएगा
-पांचवें और छठे फ्लोर पर पार्किंग की व्यवस्था
-छठवें पर स्थानीय के लिए आवासीय फ्लैट
-सातवें पर दुकानदार और डेवलपर के फ्लैट
-आठवें पर केवल डेवलपर के लिए फ्लैट