एक ओर आतंकवादियों की हरिद्वार रेलवे स्टेशन को उड़ाने की धमकी, वहीं रेलवे स्टेशन की सुरक्षा में लगे सीसीटीवी कैमरों में छह कैमरे खराब मिले हैं।
ऐसे में यात्रियों की सुरक्षा से खिलवाड़ किया जा रहा है। इसका खुलासा मुरादाबाद मंडल के एडीआरएम के निरीक्षण में हुआ।
22 कैमरों में छह कैमरे खराब
एडीआरएम हितेंद्र मल्होत्रा ने सीसीटीवी कैमरों की जांच करवाई तो रेलवे स्टेशन पर लगे 22 कैमरों में छह कैमरे खराब मिले। जिस एडीआरएम ने रेलवे विद्युत विभाग के अधिकारियों से रोष जताया।
कहा कि एक ओर हरिद्वार रेलवे को उड़ाने की धमकियां मिल रही हैं। वहीं रेलवे स्टेशन पर लगे अधिकतर कैमरों का बंद होना अपने आप में गंभीर बात है। जिसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
बातचीत कर सुझाव मांगे
एडीआरएम ने जीआरपी प्रभारी जवाहर सिंह राठौर से बातचीत कर सुझाव मांगे। जीआरपी प्रभारी ने रेलवे स्टेशन के एक नंबर प्लेटफार्म पर चार बंकर बनाने, सीसीटीवी कंट्रोल रूम पर नियमित निगरानी रखने, कैमरों की फुटेज की दृश्यता सही करने, चारों ओर से खुले द्वार को बंद करने की बात कही।
जिस पर एडीआरएम ने रेलवे के सीनियर सेक्सन इंजीनियर विद्युत को सीसीटीवी कैमरों को दुरुस्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने प्रभारी स्टेशन अधीक्षक एसपी पांडे को समय-समय पर रेलवे स्टेशन का आकस्मिक निरीक्षण करने के आदेश दिए।
इस दौरान सुनील मलिक, एके सक्सेना, सुदीप शर्मा, प्रवेश यादव, केके सक्सेना, ओमवीर सिंह आदि उपस्थित रहे।