अपात्रों के बीपीएल राशन कार्डों की जांच के संबंध में मुख्यमंत्री हरीश रावत के निर्देश के बाद जिला प्रशासन को मिला पहला फर्जी राशन कार्ड निरस्त कर दिया गया है।
राशन की दुकान सस्पेंड
बीपीएल कार्ड का सत्यापन करने वाले कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की संस्तुति की गई है। इसके साथ ही नेशविला रोड पर बंद मिली राशन की दुकान को सस्पेंड कर दिया गया।
डिप्टी कलक्टर नारायण सिंह डांगी ने शुक्रवार को जांच के दौरान पाया कि मुन्नी देवी पत्नी गुणानंद सेमवाल का राशन कार्ड बीपीएल था। लेकिन उनका दो मंजिला मकान और परचून की दुकान है।
उनका बेटा आईटीबीपी में नौकरी करता है। जांच के बाद कार्रवाई की संस्तुति करके शनिवार को डांगी ने जिलाधिकारी को रिपोर्ट सौंपी। इस पर जिलाधिकारी ने सेमवाल का बीपीएल कार्ड निरस्त कर दिया।
विभागाध्यक्ष करेंगे कार्रवाई
सत्यापन करने वाले कर्मचारी दीपक सेठी और आंगनबाड़ी कार्यकत्री रेखा राणा के खिलाफ विभागाध्यक्ष को कार्रवाई के लिए कहा गया है।
इसके अलावा जांच के दौरान बंद पाई गई नेशविला रोड स्थित अशोक चड्ढा की दुकान सस्पेंड कर दी गई है। यहां जांच डिप्टी कलक्टर ललित नारायण मिश्र ने की थी।