पिता ने चैती मेला समाप्त होने के बाद फोन दिलाने की बात कही। बृहस्पतिवार को 16 साल का छोटा बेटा घर पर ही था। उसने अपने बड़े भाई से भी स्मार्ट फोन लेने की जिद की। फोन नहीं मिलने से गुस्साए किशोर ने खुद पर पेट्रोल छिड़ककर आग लगा ली।
चीख पुकार सुनकर परिजनों और पड़ोसियों ने आग बुझाई लेकिन तब तक वह गंभीर रूप से झुलस चुका था। आननफानन में उसको एलडी भट्ट सरकारी अस्पताल ले जाया गया। वहां हालत चिंताजनक होने पर डॉक्टर ने प्राथमिक इलाज के बाद उसे रेफर कर दिया। सर्जन डॉ. पीके सिन्हा ने बताया कि किशोर करीब 90 प्रतिशत झुलस गया है।