उत्तराखंड विधानसभा में फ्लोर टेस्ट के दौरान किरकिरी के बाद अब भाजपा राज्यसभा चुनाव को लेकर फूंक-फूंक कर कदम रख रही है। संख्या बल के हिसाब से भाजपा अकेले अपने दम पर किसी को राज्यसभा में भेजने की स्थिति में नहीं है।
ऐसे में भाजपा ने सतपाल महाराज को राज्यसभा प्रत्याशी बनाकर तुरुप का पत्ता फेंकने की कोशिश की थी, लेकिन उन्होंने इंकार कर दिया है। इसके बाद फैसला पार्टी कोर कमेटी पर छोड़ दिया गया है। इस मुद्दे को लेकर भाजपा कोर कमेटी की मीटिंग सोमवार को होगी।
राज्यसभा चुनाव में भाजपा कांग्रेस को घेरने की कोशिश करेगी। इसके लिए पार्टी ने अपने सभी विकल्प खुले रखे हैं। चाहे वह पीडीएफ को समर्थन देने की बात हो या फिर राज्यसभा चुनाव में अपना प्रत्याशी उतारने की। पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष अजय भट्ट अभी पीडीएफ को समर्थन देने के सवाल पर कह रहे हैं कि अभी हमारे पास उनकी तरफ से कोई प्रस्ताव नहीं आया है। लेकिन जानकारों का कहना है कि भाजपा और पीडीएफ के बीच इस मुद्दे को लेकर खिचड़ी पक रही है।
भाजपा पीडीएफ को राज्यसभा सीट ऑफर कर हरीश रावत सरकार को अस्थिर करने की कोशिश कर सकती है। इन सभी मुद्दों को लेकर सोमवार को भाजपा कोर कमेटी की मीटिंग बुलाई गई है। मीटिंग में भाग लेने के लिए भाजपा के प्रदेश प्रभारी श्याम जाजू देहरादून पहुंच रहे हैं। मीटिंग के बाद राज्यसभा चुनाव को लेकर पार्टी अपनी रणनीति का खुलासा करेगी।