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हरिद्वार : रामदेव ने एलोपैथी पर बोला हमला, कहा- ड्रग माफिया के हाथों में दुनियाभर की सरकारें

Sun, 30 May 2021 02:42 PM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, हरिद्वार

सार

बाबा रामदेव ने ‘ड्रग माफियाओं के भ्रमजाल बनाम योग, आयुर्वेद एवं नेचुरोपैथी से रोगों के स्थायी समाधान’ मुहिम चलाई है।
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योग गुरु स्वामी रामदेव - फोटो : अमर उजाला फाइल फोटो
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विस्तार
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योग गुरु स्वामी रामदेव ने कोरोनाकाल में एलोपैथी इलाज पर दिया विवादित बयान भले ही केंद्र सरकार के दबाव में वापस ले लिया, लेकिन एलोपैथी पद्धति के खिलाफ उनकी मुहिम जारी है।

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योग शिविर में शनिवार चौथे दिन भी स्वामी रामदेव ने एलोपैथी पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि दुनियाभर की सरकारें ड्रग माफिया के हाथों में हैं। कोरोनाकाल में दवाओं की कीमतें दोगुनी नहीं कई गुना बढ़ा दी। उन्होंने कहा कि वो संन्यासी हैं। हिंसा नहीं करते हैं। न ही किसी पर मिसाइल या बम छोड़ते हैं। हल्का डराने भर से वो लोग कांपने लगते हैं।

बाबा रामदेव का नया बयान: योग से बड़ी कोई साइंस नहीं, एलोपैथी तो 200 साल पुराना बच्चा है
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बाबा रामदेव ने ‘ड्रग माफियाओं के भ्रमजाल बनाम योग, आयुर्वेद एवं नेचुरोपैथी से रोगों के स्थायी समाधान’ मुहिम चलाई है। शनिवार को उन्होंने कहा कि ड्रग माफिया दुनिया को लूटने में लगे हैं और वो योग के माध्यम से लोगों के उपचार व उपकार करने में लगे हैं। उन्होंने कहा कि दुनियाभर की सरकारें आवश्यक वस्तु अधिनियम लागू कर वस्तुओं की कीमतों पर नियंत्रण करती हैं।



कोरोनाकाल में भी कई वस्तुओं की एमआरपी तय कर दी गई। दवाओं की कीमतें तय नहीं हुईं। उन्होंने कहा कि एक रुपये की दवा को दो रुपये में बेच सकते थे, हजारों में क्यों। स्वामी रामदेव ने साधकों से कहा, तुम दवाएं क्यों खरीद रहे। योग करो और बीमारियों को भगाओ। एनर्जी, गैस, अनिंद्रा, मानसिक तनाव, शुगर, थाइराइड की दवाएं खाते हो, इसलिए शरीर पर काबू नहीं रहा।

स्वामी रामदेव ने कहा कि देश ही नहीं दुनियाभर में दो सौ करोड़ लोगों तक योग की ऊर्जा पहुंची है। हां, कुछ 35 लोग विरोध करने वाले भी हैं। 35 लोगों के 3500 चेले-चपाटे और चेले चपाटों की 35 करोड़ फौज हो सकती है। लेकिन 100 करोड़ लोग अकेले भारत में योग की ऊर्जा ले रहे हैं। उन्होंने कहा हमें दवाओं और अस्पतालों पर निर्भरता बंद करनी होगी। नादानी और गुलामी छोड़नी होगी। योग आरोग्य की आजादी देता है। योग शरीर को रि-जनरेट करता है।

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चिकित्सा ही नहीं शिक्षा भी बदलनी है

स्वामी रामदेव ने कहा कि चिकित्सा ही नहीं देश की शिक्षा व्यवस्था भी बदलनी है। खेती भी बदलनी है। बाजार के भी नए आयाम खड़े करने हैं। अपनी आंखों के सामने और अपने हाथों से बदलना और करना है।

सर्जरी साइंस नहीं स्किल्ड है
स्वामी रामदेव ने कहा कि सर्जरी का आविष्कार यूूरोप में नहीं भारतीय चिकित्सा पद्धति में हुआ है। दुनिया इसे मानती है, लेकिन भारत ही नहीं मानता है। उन्होंने कहा कि सर्जरी साइंस नहीं स्किल्ड है। इसका ठेका मॉडर्न चिकित्सा ने ही नहीं लिया है। हरिद्वार के झबरेड़ा के एक व्यक्ति का हवाला देते हुए रामदेव कहते हैं, वो अनपढ़ हैं। कैसी भी गांठ हो, एक चीरा लगाकर उसे निकाल देते हैं। हजारों लोगों को ठीक कर चुके हैं।

डब्ल्यूएचओ वाले भी आएं इलाज करवाने
स्वामी रामदेव ने कहा कि उनके यहां योग से फेटी लीवर, हेपेटाइटिस, लिवर, डायबिटीज से पीड़ित लोगों का इलाज होता है। एलोपैथी डॉक्टर या डब्ल्यूएचओ का कोई पीड़ित है तो वह भी आ सकता है। दो सप्ताह में डायबिटीज का इलाज कर देंगे। 

पतंजलि ने इलाज में बढ़ाया डिस्काउंट
एलोपैथी बनाम आयुर्वेदिक एवं नेचुरोपैथी की बहस में रामदेव ने बीमारियों के इलाज में जून माह तक बीस फीसदी डिस्काउंट की घोषणा भी कर दी। पांच जून तक बीस फीसदी छूट रहेगी। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में रिसर्च पर बड़ा बजट खर्च करने जा रहे हैं। जिसमें अमेरिका के वैज्ञानिकों को बुलाना है। जिसके बाद दुनिया भारत का अनुसरण करेगी। 

आईएमए महासचिव के खिलाफ तहरीर 
योग गुरु स्वामी रामदेव के समर्थन में हरिद्वार के अधिवक्ता अरुण भदौरिया सामने आए हैं। अधिवक्ता ने इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) के राष्ट्रीय महासचिव डॉक्टर जयेश लेेले और पूर्व अध्यक्ष डॉ. राजन शर्मा के खिलाफ कनखल थाना पुलिस को तहरीर दी है। हलांकि, पुलिस ने मुकदमा दर्ज नहीं किया है।
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