टूरिस्ट स्पॉट के विकल्पों को देखने की जरूर
कॉन्क्लेव के दौरान पहले देखो अपना देश, चलो उत्तराखंड सत्र में आए विशेषज्ञों का कहना था कि चारधाम यात्रा अब पर्यटन कारोबार पर विपरीत असर डाल रही है। एसोसिएशन के अध्यक्ष गिरीश ओबरॉय ने कहा कि उत्तराखंड में चारधाम के अलावा पर्यटन की काफी संभावनाएं हैं। महेंद्र घिल्डियाल ने कहा कि चारधाम की तरह अन्य पर्यटन स्थलों पर भी पंजीकरण की प्रक्रिया होगी, जिससे बाहर से आने वाले पर्यटकों को सहूलियत होगी। मनु कोचर ने कहा कि मसूरी, नैनीताल में ज्यादा भीड़ होने पर अन्य पर्यटन स्थलों के विकल्प भी ऑनलाइन बताए जाने चाहिएं। दूसरे टूरिस्ट स्पॉट के विकल्पों को देखने की जरूरत है। इस मौके पर विभिन्न श्रेणियों में होटलों को पुरस्कृत किया गया।
वाइब्रेंट विलेज प्रोत्साहन को जून से अभियान
पर्यटन मंत्रालय के क्षेत्रीय निदेशक राजेंद्र कुमार सुमन ने बताया कि जून से अक्तूबर माह के बीच वह उत्तराखंड के वाइब्रेंट विलेज में पर्यटन को प्रोत्साहन देने के लिए विशेष अभियान चलाएंगे। बताया कि टूर ऑपरेटर्स को भी ग्रुप में वाइब्रेंट विलेज तक ले जाया जाएगा। उत्तराखंड के स्थानीय त्यौहारों, मेलों को पर्यटन से जोड़ा जाएगा। आने वाले समय में पर्यटन के क्षेत्र में इससे बूम आएगा।
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उत्तराखंड में चल रहे फर्जी होटल मैनेजमेंट संस्थान
पर्यटन मंत्रालय के क्षेत्रीय निदेशक राजेंद्र कुमार सुमन ने कहा कि उत्तराखंड में बड़ी संख्या में फर्जी होटल मैनेजमेंट संस्थान संचालित हो रहे हैं। यह युवाओं को बरगलाकर, हसीन सपने दिखाकर फर्जी डिग्री दे रहे हैं, जिससे इस उद्योग में बेरोजगारी बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार भी इस ओर प्रयास कर रही है। युवाओं को जागरूक होने की जरूरत है। वे गली-मोहल्लों के बजाए मान्यता प्राप्त संस्थानों से ही एचएम करें। वहीं, मंत्रालय आईएचएम के माध्यम से छह दिवसीय स्किल टेस्टिंग प्रोग्राम भी संचालित कर रहा है, जिसका लाभ प्रदेश के सभी होटल उद्योग से जुड़े लोग ले सकते हैं।