जनपद हरिद्वार के सुभाषगढ़, बादशाहपुर, कनखल, ज्वालापुर, मंगलौर क्षेत्र के अलावा देहरादून में पैदा होने वाली लीची दूसरे राज्यों में भेजी जाती है, लेकिन बिहार के मुजफ्फरपुर में चमकी बुखार लीची के फैलने की अफवाह से अब लोगों ने लीची को खरीदना कम कर दिया है।
एक फल व्यापारी ने बताया कि कई दिन पहले उनकी दुकान पर 10 से 15 किलो तक लीची की बिक्री हो रही थी, लेकिन अब यह पूरी तरह से न के बराबर रह गई है। फल व्यापारी नसीम ने बताया कि इस अफवाह से लोग लीची खरीदना पसंद नहीं कर रहे हैं।
वैसे लक्सर क्षेत्र में इस तरह का कोई मामला अभी तक सामने नहीं आया है। ग्रामीण दिनेश अग्रवाल ने बताया कि उनके परिवार के लोगों ने बाजार से लीची खरीद कर खाई है, लीची से कोई खतरा नहीं है।
फल व्यापारी सन्नी अग्रवाल ने बताया कि कई दिन से उनकी दुकान पर लीची के ग्राहक नहीं आ रहे हैं। इसके चलते उन्होंने लीची बेचना बंद कर दिया है। खरीद न होने की वजह से दुकान पर रखी लीची सूखती जा रही है।
लीची व्यापारियों को चमकी बुखार का वायरस लीची के फैलने की अफवाहें ने तगड़ा झटका दे दिया है। बाजार में ग्राहकों की ओर से लीची न खरीदने की वजह से लीची का उत्पादन करने वालों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।