हादसों की वजह बन रही ओवरलोडिंग
ब्यूरो/अमर उजाला
देहरादून। पौड़ी गढ़वाल के धूमाकोट-भौम पीपली मार्ग पर रविवार की सुबह हुए सड़क हादसे मेें 48 यात्रियों की मौत और 13 के गंभीर रूप से घायल होने के बाद परिवहन व पुलिस विभाग के अफसरों, कर्मचारियोें की भूमिका पर सवाल उठ रहे हैं। 30 सीट वाली बस में 61 यात्री सफर कर रहे थे और जिम्मेदार अधिकारियों ने चेकिंग नहीं की। अपर परिवहन आयुक्त सुनीता ने आरटीओ से इस संबंध में रिपोर्ट तलब की है।
उल्लेखनीय है कि पिछले साल त्यूनी में इसी तरह हुए हादसे में 46 लोगों की मौत होने के बाद परिवहन विभाग और पुलिस ने ओवरलोडिंग के साथ ही गाड़ियों की फिटनेस जांच को लेकर अभियान चलाया गया था। कुछ दिन तक तो अभियान चला लेकिन उसके बाद बंद हो गया। अब आलम यह है कि सड़कों पर ओवरलोड वाहन फर्राटा भरते मिल जाएंगे। परिवहन विभाग और पुलिस अफसरों ने पूर्व में हुए हादसों से कोई सबक नहीं लिया। इसका खामियाजा आम लोगों को अपनी जान गवां कर भरना पड़ रहा है।