ब्यूरो/अमर उजाला, ऋषिकेश।
दो दिनों से लगातार हो रही बारिश से गौहरीमाफी ग्रामसभा से गुजर रही सौंग नदी का जलस्तर अचानक बढ़ गया है। नदी में पानी बढ़ने से गांव की आधी आबादी का संपर्क नेशनल हाईवे से कट गया। इसके साथ ही चार परिवारों के घरों तक बाढ़ का पानी पहुंच गया। सूचना मिलते ही नायब तहसीलदार और पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे। हालांकि, इस दौरान जानमाल की कोई हानि नहीं हुई। सौंग नदी से गांव में खेतों की सिंचाई के लिए आ रही जलधारा में शनिवार दोपहर अचानक जलस्तर बढ़ने से तटबंध टूट गया। जलधारा के उपर बनी पुलिया उफान में डूबने से गांव की आधी आबादी का संपर्क हाईवे से कट गया। नदी का पानी चार ग्रामीणों के घरों तक पहुंचने से हड़कंप मच गया। खौफजदा स्थानीय ग्रामीणों ने एसडीएम और पुलिस को इसकी जानकारी दी।
नायब तहसीलदार केडी जोशी पुलिसकर्मियों के साथ गांव पहुंचे। जलधारा में पानी का जलस्तर कम होने उनकी टीम मौके पर ही डटी रही। एसडीएम हर गिरि ने बताया कि दोपहर में जलधारा जलधारा में पानी बढ़ने से लोगों को दिक्कत हुई। अब पानी लगातार घट रहा है। फिलहाल किसी भी प्रकार का कोई नुकसान नहीं हुआ है। चार परिवारों के घरों में पानी घुसने की सूचना है। लेखपाल के माध्यम से मुआयना कराने के बाद अग्रिम कार्रवाई की जाएगी। बताया कि प्रशासन की टीम लगातार गांव में जलधारा की स्थिति पर नजर बनाए हुए है।
विद्युत पोल बहे, बत्ती गुल
सौंग नदी उफान पर होने के कारण कई विद्युत पोल भी बह गए, जिसके चलते गांव में विद्युत आपूर्ति ठप हो गई। ग्राम प्रधान सरिता रतूड़ी ने बताया कि इस बाबत ऊर्जा निगम के अधिकारियों को सूचित कर दिया गया है। हालांकि, अभी तक विद्युत सेवा को बहाल नहीं किया जा सका है। ऊर्जा निगम के एसडीओ महेंद्र सिंह ने बताया कि उफान में निगम के चार विद्युत पोल बहे हैं। जलधारा का पानी उतरने के बाद गांव में विद्युत सेवा बहाल करने के लिए काम किया जाएगा। फिलहाल वैकल्पिक इंतजाम पर निगम काम का रहा है।
अमितग्राम में कैद हुए 40 परिवार
गुमानीवाला ग्रामसभा में अमितग्राम के संपर्क मार्ग पर भी जंगल से अचानक पानी आ गया। मार्ग पर जलभराव होने से करीब 40 परिवार घरों में कैद होने को मजबूर हो गए। नायब तहसीलदार केडी जोशी ने बताया कि अमितग्राम में जलभराव की सूचना मिली थी। बताया कि किसी परिवार के घर में पानी घुसने की जानकारी नहीं है। बताया कि पानी कम होने के बाद निरीक्षण किया जाएगा। यदि कोई व्यक्ति प्रभावित हुआ, तो उसे मानक अनुसार मुआवजा राशि दी जाएगी। बताया कि दोबारा ऐसा नहीं हो, इसके लिए नाली आदि का इंतजाम कराया जाएगा।
चंद्रभागा और गंगा में बढ़ा पानी
चंद्रभागा और गंगा का जलस्तर भी दो दिन से हो रही बारिश के चलते बढ़ गया। चंद्रभागा नदी में पानी बढ़ने से किनारों पर बसी अवैध बस्तियों को छूकर पानी बहा। हालांकि, पानी बस्तियों के भीतर तक नहीं पहुंचा। वहीं, केंद्रीय जल आयोग के ऋषिकेश कार्यालय के मुताबिक गंगा का जलस्तर अपराह्न चार बजे चेतावनी रेखा से 54 सेंटीमीटर नीचे रहा। बताया कि इसके बाद जलस्तर में उतार-चढ़ाव लगातार जारी रहेगा।