ब्यूरो/अमर उजाला, ऋषिकेश ।
कथावाचक महेंद्र नारायण शुक्ला ने कहा कि आशक्ति संसार की बजाए भगवान के प्रति होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि काम, क्रोध व मोह में लिप्त मनुष्य भूल जाता है कि इस कलिकाल में भगवत नाम ही ऐसा माध्यम है जो हमें भवसागर से पार लगा देता है। हरिद्वार रोड स्थित भगवान आश्रम में श्रीमद्भागवत कथा ज्ञानयज्ञ के दूसरे दिन बुधवार को कथावाचक महेंद्र नारायण शुक्ला ने कहा कि श्रीमद्भागवत कथा महापुुराण के श्रवण मात्र से ही मनुष्य का कल्याण हो जाता है।
इस अवसर पर श्रद्धालुओं ने संत राम शरणाचार्य के सानिध्य में पर्यावरण संरक्षण व संवर्धन के लिए रुद्राक्ष के पौध का रोपण भी किया। धार्मिक अनुष्ठान में पंडित रवि शास्त्री, राजेंद्र कुड़ियाल, मुनेंद्र डंडियाल, नरेंद्र कुमार, मदमहेश्वर, रमाकांत भारद्वाज, प्रतिमा भारद्वाज, त्रिलोक चंद, नितिन शर्मा, अभिषेक शर्मा, राम चौबे, आदेश तोमर, बीना तोमर, शिल्पी भारद्वाज, शुभम भारद्वाज, धीरज द्विवेदी आदि मौजूद थे।