गोपेश्वर। जिला जज प्रदीप पंत की अदालत ने लीज अनुबंध के उल्लंघन के मामले में सील हुए औली स्थित होटल क्लिप टॉप को वापस करने के प्रार्थना पत्र को खारिज कर जिला मजिस्ट्रेट के आदेश को यथावत रखा।
जिला मजिस्ट्रेट आशीष जोशी की अदालत ने बीते बीस सितंबर को लीज अनुबंध के उल्लंघन के मामले में औली स्थित होटल क्लिप टॉप को राज्य संपत्ति में शामिल करने के आदेश दिए थे। आदेश के बाद जोशीमठ तहसील प्रशासन ने होटल को सील कर दिया था। मामले में स्की एंड स्नो रिजॉर्ट रामनगर के प्रबंधक अतुल शर्मा ने जिला न्यायालय की शरण ली थी। जिला शासकीय अधिवक्ता (सिविल) किशन सिंह फरस्वाण ने बताया कि अतुल शर्मा ने जिला मजिस्ट्रेट के आदेश के खिलाफ जिला न्यायालय में प्रार्थना पत्र दिया था, जिसमें उन्होंने कहा था कि होटल सुलह-समझौते के आधार पर चल रहा था। लिहाजा इसे वापस किया जाए। बीते 15 दिसंबर को जिला जज प्रदीप पंत की अदालत ने जिला मजिस्ट्रेट के आदेश को यथावत रखते हुए प्रार्थना पत्र को खारिज कर दिया है।
ये था मामला
19 मार्च वर्ष 1974 को जोशीमठ निवासी इंद्र सिंह पुत्र अमर सिंह को जिला प्रशासन की ओर से औली में कृषि प्रयोजन के लिए 31 नाली भूमि लीज पर आवंटित की गई थी। इंद्र सिंह की मृत्यु के बाद उनके उत्तराधिकारी पुत्र विजय सिंह और पौत्र अरुण सिंह ने 11 अक्तूबर वर्ष 1996 में भूमि को स्की एंड स्नो रिजॉर्ट रामनगर के प्रबंधक अतुल शर्मा को 99 वर्ष के लिए किराए पर दे दिया। जबकि कृषि व व्यवसाय उपयोग के लिए लीज पर दी गई भूमि किराए पर नहीं दी जा सकती है। नियमों के उल्लंघन पर जिला मजिस्ट्रेट की अदालत ने लीज की भूमि पर निर्मित भवन व अन्य निर्माण को राज्य संपत्ति में निहित करने के आदेश दिए थे।