आज और कल कार्य बहिष्कार करेंगे कार्मिक
ब्यूरो/अमर उजाला
देहरादून। उत्तराखंड अधिकारी-कर्मचारी समन्वय मंच से जुड़े कार्मिक बुधवार और बृहस्पतिवार को कार्य बहिष्कार करेंगे। मंच ने 45 विभागों के करीब 95 हजार कार्मिकों के कार्य बहिष्कार में शामिल रहने का दावा किया है। इससे कई विभागों में कार्य प्रभावित होगा।
यमुना कॉलोनी स्थित सद्भावना भवन में आयोजित संयोजक मंडल की बैठक में मुख्य संयोजक नवीन कांडपाल और संयोजक सचिव सुनील कोठारी ने बताया कि मंच से जुड़े प्रदेश के सभी कार्मिक अपने-अपने कार्यालय में उपस्थिति पंजिका पर हस्ताक्षर करने के बाद कार्य बहिष्कार करते हुए कार्यालय प्रांगण में धरना-प्रदर्शन करेंगे। उन्होंने कहा कि कर्मचारी सात सूत्रीय मांगों पर सरकार का ध्यान आकर्षित करने के लिए धरना देंगे।
उन्होंने कहा कि कई मंत्रियों के सहमति जताने और निर्देशित करने के बावजूद मुख्य सचिव के स्तर से किसी तरह की कार्यवाही नहीं हो रही है। शासन के अधिकारियों पर मंत्रियों के निर्देशों का कोई प्रभाव नहीं पड़ रहा है। प्रदेश प्रवक्ता पूर्णानंद नौटियाल ने कहा कि मुख्यमंत्री ने भी समन्वय मंच के सात सूत्रीय मांग पत्र पर वार्ता में कोई रुचि नहीं दिखाई है। उन्होंने कहा कि कार्मिक 22 जून को राजधानी में रैली आयोजित कर विरोध जताएंगे।
बैठक में हरीश नौटियाल, सुभाष देवलियाल, रमेश रमोला, पंचम सिंह बिष्ट, प्रताप सिंह पंवार, बीएस पयाल, अनंत राम शर्मा, संदीप कुमार मौर्य, विक्रम सिंह नेगी, आरएस मेहरा, एसएस चौहान, प्रदीप कुमार शुक्ला, सुभाष रतूड़ी आदि शामिल रहे।
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कर्मचारियों की प्रमुख मांगें
कर्मचारी प्रदेश के सभी कार्मिकों को केंद्र के समान भत्ते अनुमन्य करने, सभी कार्मिकों को पूरे सेवाकाल में न्यूनतम तीन पदोन्नति अनिवार्य रूप से देने, यू हेल्थ स्मार्ट कार्ड की सुविधा तत्काल लागू करने, अर्हकारी सेवा में शिथिलीकरण की पूर्ववर्ती व्यवस्था को यथावत करने, अंशदायी पेंशन योजना के स्थान पर पुरानी पेंशन योजना को बहाल करने, अंतिम वर्ष की सेवा कर रहे कार्मिकों को स्थानांतरण अधिनियम में ऐच्छिक स्थान पर स्थानांतरण का लाभ देने और वेतन विसंगति समिति की रिपोर्ट में कर्मचारी विरोधी निर्णयों को लागू न करने की मांग कर रहे हैं।
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इन विभागों के कर्मचारी होंगे शामिल
मंच से जुड़े आरटीओ, कलेक्ट्रेट, बाल विकास, समाज कल्याण, सिंचाई, लोक निर्माण विभाग, स्वास्थ्य विभाग, शिक्षा विभाग, कृषि विभाग, आबकारी विभाग, उद्यान विभाग, रेशम विभाग, वन विभाग, समेत कुल 45 विभागों के कर्मचारी कार्य बहिष्कार में शामिल होंगे।