बागेश्वर। प्रसूता पूजा का परिवार बेहद गरीब है। पति अमर मजदूरी कर भरण पोषण करता है। पहले से दो छोटी बेटियां हैं। 108 न आने पर टैक्सी की व्यवस्था कर कपकोट सीएचसी पहुंचे पति के पास किराया तक नहीं था। ऐसे में कुछ लोगों ने मदद का हाथ बढ़ाया। जरूरतमंदों को 108 का लाभ न मिलने पर लोगों ने व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। ब्यूरो
नगर कस्बों तक ठिठके एंबुलेंस के पहिए
बागेश्वर। जिले में संचालित कपकोट, बैजनाथ, कांडा, रीमा और बागेश्वर की एंबुलेंस तेल की कमी से जूझ रही हैं। 108 दूरदराज के इलाकों में सेवा मुहैया नहीं करा रही है। इससे प्रसव, सड़क दुर्घटना के घायलों, गंभीर रोगियों के लिए आपातकाल में जोखिम और बढ़ गया है। ब्यूरो
तेल की किल्लत के चलते गर्भवती की कॉल पर एंबुलेंस नहीं गई। ईंधन के लिए बजट नहीं मिल पा रहा है। नवजात की हालत बिगड़ने पर खुशियों की सवारी से जिला अस्पताल भेजने की व्यवस्था की गई। 108 प्रबंधन को वस्तुस्थिति से अवगत कराया है।
- रजत, जिला प्रभारी, 108 बागेश्वर