लगातार हो रही बारिश से मसूरी और समीपवर्ती क्षेत्रों में जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया हैं। मसूरी-गंगोत्री और धनोल्टी मार्ग पर पहाड़िया दरकने से कई स्थानों पर मलबा आ गया। जिससे मार्ग पर कई पर्यटक फंसे गए हैं।
रविवार को लंढौर कैंट क्षेत्र में स्वामी सुंदर सिंह के भवन में पहाड़ी का मलबा गिरने से दो वाहन दब गए। लाइब्रेरी के समीप शिपन कोर्ट में पुश्ता ढहने से तीन मजदूरों के आवास दब गए। मजदूरों ने किसी तरह भागकर जान बचाई। सूचना मिलने पर नगर में मौजूद स्वास्थ्य मंत्री सुरेंद्र सिंह नेगी ने भूस्खलन प्रभावित शिफन कोर्ट का निरीक्षण कर प्रशासन को यहां रहने वाले परिवारों को अन्यत्र शिफ्ट करने के निर्देश दिए।
पहाड़ी दरकने से दो दुकानें दबी
कैंमटी फॉल के मुख्य बाजार में पहाड़ी दरकने से दो दुकानें दब गई हैं। मसूरी-यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग और मसूरी-धनोल्टी-टिहरी मार्ग बाधित होने से कई पर्यटकों के फंसने की खबर है। कंपनी बाग के मुख्य गेट पर बांज का भारी भरकम पेड़ गिरने से अफरातफरी मच गई। गनीमत रही कि पेड़ के आसपास मौजूद कई कर्मचारी और सैलानी उसकी चपेट में नहीं आए।
धनोल्टी-टिहरी मार्ग भी सुबह वुडस्टाक स्कूल के समीप बंद हो गया, जिसे जेसीबी लगाकर खोल दिया गया। सुवाखोली में भी पहाड़ी खिसकने से मार्ग बाधित होने की खबर है। मालरोड पर पूरे दिन सन्नाटा पसरा रहा।