देहरादून। कृषि निदेशालय को दून से पौड़ी शिफ्ट करने के विरोध में कृषि निदेशालय अधिकारी, कर्मचारी संघर्ष मोर्चा ने विधानसभा के समक्ष प्रदर्शन कर धरना दिया। प्रदर्शनकारियों ने सरकार के इस फैसले को राज्य और किसान विरोधी करार देते हुए कहा कि इस निर्णय को वापस न लिया गया तो पूरे प्रदेश में विरोध प्रदर्शन शुरू किया जाएगा।
विधान सभा के सामने एकत्र हुए कृषि विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने प्रदेश सरकार पर बरसते हुए कहा कि सरकार को यदि पर्वतीय जनपदों की इतनी ही चिंता है तो पहले वहां शिक्षा और स्वास्थ्य जैसी बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराए। कृषि निदेशालय सांख्यिकीय संघ के अध्यक्ष बृजमोहन शर्मा ने कहा कि निदेशालय को शिफ्ट करने से करोड़ों रुपये बर्बाद होंगे। कृषि मंत्री का निदेशालय शिफ्ट करने का निर्णय न तो विभाग और न ही राज्य हित में है। कृषि निदेशालय चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी संघ के अध्यक्ष सुभाष कुमार ने निदेशालय को शिफ्ट किए जाने को कृषि विभाग को समाप्त करने की साजिश बताया। प्रदर्शनकारियों ने मंडी परिषद के सभापति प्रभुलाल बहुगुणा द्वारा निदेशालय कर्मचारियों के लिए दिए गए बयान की निंदा की। प्रदर्शन कर धरना देने वालों में संयुक्त कृषि निदेशक केसी पाठक, संयुक्त कृषि निदेशक डा. परमाराम, मुख्य कृषि अधिकारी विकेश यादव, उप कृषि निदेशक पीपी शाह, राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के जिलाध्यक्ष ओमवीर सिंह, कृषि सेवा संघ के अध्यक्ष डीएस असवाल आदि शामिल थे।
गैरसैंण शिफ्ट हो कृषि निदेशालय
देहरादून। कांग्रेस के कर्णप्रयाग से विधायक डा.अनुसूया प्रयास मैखुरी और भीमताल नैनीताल के विधायक दान सिंह भंडारी ने कृषि निदेशालय गैरसैंण शिफ्ट किए जाने की मांग की है। इस संबंध में उन्होंने मुख्यमंत्री को पत्र लिखा है। पत्र में कर्णप्रयाग के विधायक ने कहा है कि जिन निदेशालयों के मुख्यालय राजधानी से बाहर हैं, उनके कैंप कार्यालय दून में हैं। इससे एक ही निदेशालय के दो-दो कार्यालय चल रहे हैं। प्रदेश मुख्यालय से बाहर चलने वाले निदेशालय नाममात्र के हैं और समस्त कार्य कैंप कार्यालय से संचालित हो रहे हैं। भीमताल नैनीताल के विधायक ने कहा कि निदेशालयों की स्थापना ऐसे स्थानों पर की जानी चाहिए, जिससे सभी जनपदों के लोग लाभान्वित हों। ऐसे में कृषि निदेशालय को गैरसैंण शिफ्ट किया जाना चाहिए। उधर भारतीय किसान यूनियन के प्रदेश महासचिव दर्शन सिंह देओल ने कृषि निदेशालय को पौड़ी शिफ्ट करने का विरोध किया है। उन्होंने भी इस संबंध में मुख्यमंत्री को पत्र लिखा है।