टीम इंडिया के खिलाफ दो मैचों की टेस्ट सीरीज में वेस्ट इंडीज के लचर प्रदर्शन से यह पूर्व कप्तान बेहद नाराज है और उसने विंडीज टीम पर जमकर भड़ास निकाली है।
सत्तर से अस्सी के दशक में क्रिकेट पर राज करने वाली टेस्ट टीम का नेतृत्व करने वाले वेस्टइंडीज के पूर्व कप्तान क्लाइव लॉयड ने भारत के खिलाफ टेस्ट सीरीज में सफाये के बाद सैमी एंड कंपनी को आड़े हाथों लिया है।
लॉयड का कहना है कि वेस्टइंडीज की टीम टी-20 की खुमारी से नहीं उबर पाई है। वेस्टइंडीज को बृहस्पतिवार से भारत के खिलाफ तीन मैचों की वनडे सीरीज खेलनी है।
भारत दौरे पर आने से पहले वेस्टइंडीज ने आईसीसी टेस्ट रैंकिंग में अपने निचले प्रतिद्वंद्वी के खिलाफ छह टेस्ट मैच जीते हैं। लेकिन उसे भारत जैसे दमदार टीम के खिलाफ कोलकाता और मुंबई टेस्ट में तीन दिनों में ही शर्मनाक हार का मुंह देखना पड़ा।
लॉयड से जब यह पूछा गया कि क्या इसके लिए टी-20 जिम्मेदार है। तो उन्होंने कहा, "मेरा व्यक्तिगत तौर पर मानना है कि टी-20 लोगों को अपनी ओर खींच रहा है और इससे खिलाड़ियों को पैसे भी मिल रहे हैं। लेकिन जब यह जरूरत से ज्यादा हो जाएगा तो टी-20 घातक भी हो सकता है।"
सुधार को दिए तीन सुझाव
उन्होंने कहा, "मेरा मानना है कि टी-20 प्रदर्शनी है और टेस्ट परीक्षा। अगर आप इसे अलग करते हैं तब तो यह अच्छा है। मैं नहीं चाहता कि युवा खिलाड़ी सबसे पहले गेंद को हिट करना सीखे। मेरे विचार से सबसे पहले सही तकनीक और बेसिक सीखना अहम है।"
उन्होंने वेस्टइंडीज टीम की तीन कमजोरियों को गिनाए, जिसमें सैमी एंड कंपनी को सुधार की जरूरत है। उनके मुताबिक टीम का संतुलन जरूरी है। साथ ही कमजोर गेंदबाजी आक्रमण पर काम करने की दरकार है।
तीसरा जहां विंडीज टीम को काम करने जरूरत है वह है बल्लेबाज छोटे से बड़े प्रारूप में ढलने में नाकाम हो रहे हैं। भारत दौरे पर विंडीज टीम को कठिन परिश्रम करने पर ध्यान देना होगा।