न्यूजीलैंड की क्रिकेट टीम अपना पाकिस्तान का दौरा नाटकीय अंदाज में खत्म कर दुबई पहुंच चुकी है। 18 साल के लंबे अंतराल के बाद पाकिस्तान दौरे पर गई न्यूजीलैंड की टीम ने यहां बिना कोई मैच खेले ही स्वदेश लौट गई।
न्यूजीलैंड क्रिकेट बोर्ड ने दौरे को रद्द करने के पीछे सुरक्षा कारणों का हवाला दिया और पहले वनडे से आधे घंटे पहले ही दौरे को रद्द करने का फैसला किया। न्यूजीलैंड बोर्ड के इस फैसले ने पाकिस्तान क्रिकेट को बड़ा झटका दिया, जिसकी वजह से पीसीबी ने भी अपनी भड़ास निकाली और कीवी टीम की आईसीसी से शिकायत करने की धमकी दी।
उधर चार्टर प्लेन से दुबई पहुंचने के बाद न्यूजीलैंड क्रिकेट प्लेयर्स एसोसिएशन (एनजीसीपीए) ने कहा, 'दौरे पर गए उसके कुछ खिलाड़ियो को सीरीज से एक हफ्ते पहले जान से मारने की धमकी दी गई थी। एनजीसीपीए के मुख्य कार्यकारी हीथ मिल्स ने खुलासा किया कि न्यूजीलैंड के कुछ खिलाड़ियों को सोशल मीडिया और अन्य चैनलों पर धमकी मिली थी, लेकिन तब हमने उसे गंभीरता से नहीं लिया था।
मिल्स ने क्रिकबज से बातचीत में पीसीबी के आरोपों पर कहा, 'हमने बिना वजह और जल्दबाजी में यह फैसला नहीं किया। हम यही कहेंगे कि हम वहां के सुरक्षा इंतजामों से खुश थे। वहां मैदान, होटल और दोनों को जोड़ने वाली सड़क सभी सुरक्षित थे। लकिन हम वहां नहीं रह सकते थे।
उन्होंने कहा, 'हां, वह खिलाड़ियों और उनके परिवार के लिए काफी कठिन समय था लेकिन अब सभी राहत महसूस कर रहे हैं और सुरक्षित हैं। हम समझते हैं कि हमारे देश छोड़ने से पाकिस्तान के लोग निराश हैं। लेकिन हमारे लिए खिलाड़ियों की सुरक्षा प्राथमिकता है और हम अपने बोर्ड के फैसले का समर्थन करते हैं। हमें अपनी सुरक्षा एजेंसियों पर पूरा भरोसा है।
ऑस्ट्रेलिया, कनाडा, न्यूजीलैंड, ब्रिटेन और अमेरिका की संयुक्त खुफिया एजेंसियां इस दौरे पर नजर बनाए हुए थीं और उन्होंने ही न्यूजीलैंड सरकार के साथ सुरक्षा जानकारियां साझा की थी जिसे न्यूजीलैंड क्रिकेट बोर्ड को बताया गया, और इसके बाद ही दौरा रद्द किया गया। ।