ओलंपिक में स्वर्ण पदक जीतने के बाद नीरज दूसरी प्रतियोगिता में शामिल हुए थे और उन्होंने एक बार फिर स्वर्ण पदक अपने नाम किया है। इससे पहले वो पावो नुरमी गेम्स में शामिल हुए थे, जहां उन्होंने 89.30 मीटर दूर भाला फेंककर अपना ही रिकॉर्ड तोड़ा था और सबसे दूर भाला फेंकने का नया राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाया था। भारत के लिए सबसे दूर भाला फेंकने का रिकॉर्ड इससे पहले भी नीरज के ही नाम था, जिन्होंने टोक्यो ओलंपिक में 87.58 मीटर का थ्रो किया था। हालांकि, पावो नुरमी गेम्स में नीरज स्वर्ण पदक नहीं जीत पाए थे। उन्हें रजत पदक के साथ संतोष करना पड़ा था। फिनलैंड के हेलांडेर ने 89.93 मीटर के साथ इस प्रतियोगिता में शीर्ष स्थान हासिल किया था।
साल का सर्वश्रेष्ठ थ्रो फेंकने वाले पीटर्स को फिर पछाड़ा
इस साल 93.07 मीटर भाला फेंक सबसे अच्छा प्रदर्शन करने वाले ग्रेनाडा के एंडर्सन पीटर्स को नीरज ने चार दिनों के अंदर दूसरी बार पराजित किया। पीटर्स ने 84.75 मीटर के साथ कांस्य जीता। भारत के पैरा थ्रोअर संदीप चौधरी ने भी यहां भाग लिया, लेकिन 60.35 मीटर के साथ वह आठवें स्थान पर रहे। नूरमी गेम्स में नीरज को परास्त करने वाले फिनलैंड के ओलिवर होलेंडर ने ट्रैक की स्थितियों को देख अपना नाम वापस ले लिया। नीरज की दूसरी और तीसरी थ्रो फाउल रही। नीरज अब 30 जून को डायमंड लीग के स्टॉकहॉम लेग में हिस्सा लेंगे।