आईपीएल 6 में विवादों की फेहरिस्त में गुरुवार को एक और विवाद उस समय जुड़ गया जब पूर्व चैंपियन कोलकाता नाइट राइडर्स का एक गेंदबाज डोप टेस्ट में फेल हो गया।
अब तक स्पॉट फिक्सिंग से काफी बदनाम हो चुकी आईपीएल में कोलकाता के तेज गेंदबाज प्रदीप सांगवान औचक डोपिंग टेस्ट में पकड़े गए हैं।
बाएं हाथ का यह तेज गेंदबाज आईपीएल की डोपिंग में पकड़ा गया दूसरा गेंदबाज है। इससे पहले आईपीएल में पाकिस्तान के तेज गेंदबाज मोहम्मद आसिफ ही डोपिंग में असफल हुए थे।
बीसीसीआई के एक शीर्ष अधिकारी ने सांगवान के डोप टेस्ट में असफल होने की पुष्टि करते हुए कहा, 'हां, प्रदीप सांगवान आईपीएल के दौरान प्रतिबंधित दवाओं के सेवन के का दोषी पाए गए हैं। बीसीसीआई ने इस मामले में डीडीसीए को पत्र लिखा है। उनके 'ए' सैंपल में प्रतिबंधित दवाओं के सेवन की पुष्टि हुई है।'
सांगवान आईपीएल में दो सत्र में कोलकाता के लिए खेलने के अलावा दिल्ली रणजी टीम के सदस्य रहे हैं। 22 साल के सांगवान 2008 में अंडर-19 विश्व कप जीतने वाली भारतीय टीम में शामिल थे।
सांगवान 38 प्रथम श्रेणी मैचों में 123 विकेट झटक चुके हैं।
दिल्ली के नजफगढ़ से ताल्लुक रखने वाले सांगवान ने आईपीएल के पिछले संस्करण में दो मैच रॉयल चैलेंजर्स बंगलुरू और सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ खेला है। उन्होंने दो मैचों में महज एक सफलता हासिल की थी।
बीसीसीआई वाडा (वर्ल्ड एंटी डोपिंग एजेंसी) या नेशनल एंटी डोपिंग एजेंसी (नाडा) के अंतर्गत नहीं आती है। भारतीय बोर्ड की अपनी डोपिंग एजेंसी है।
आईसीसी टूर्नामेंटों की तरह आईपीएल में भी खिलाड़ियों का औचक सैंपल लिया जाता है। ये टेस्ट मैच से पहले या मैच के बाद लिए जा सकते हैं।