नीलामी के बाद कमजोर कही जाने वाली सनराइजर्स हैदराबाद की टीम ने दो मैचों में हार के बाद धमाकेदार वापसी की है। उसने लगातार चौथे मैच में रन चेज करते हुए जीत अपने नाम की है।
पंजाब किंग्स की टीम ने एक बार फिर अपने प्रशंसकों को निराश किया। टीम एक मैच जीतने के बाद दूसरा मैच हार जाती है। यह क्रम इस सीजन में लगातार चला आ रहा है। टीम पिछले मैच में रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर के खिलाफ जीती थी। अब सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ हार गई। दूसरी ओर, हैदराबाद की बात करें तो नीलामी के बाद कमजोर कही जाने वाली इस टीम ने दो मैचों में हार के बाद धमाकेदार वापसी की है। उसने लगातार चौथे मैच में रन चेज करते हुए जीत अपने नाम की है।
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मैच में टर्निंग पॉइंट 1. शीर्ष क्रम फेल: पंजाब के शीर्ष क्रम में निरंतरता की कमी साफ तौर पर देखने को मिल रही है। इस मैच में कार्यवाहक कप्तान शिखर धवन आठ और जॉनी बेयरस्टो 12 रन बनाकर आउट हुए। नियमित कप्तान मयंक अग्रवाल की अनुपस्थिति में खेलने वाले प्रभसिमरन सिंह 12 रन बनाकर आउट हो गए। 6.2 ओवर में 48 रन पर टीम के तीन विकेट गिर गए।
2. उमरान मलिक की घातक गेंदबाजी: जम्मू-कश्मीर के तूफानी तेज गेंदबाज उमरान मलिक ने आखिरी ओवर में तहलका मचा दिया। उन्होंने तीन विकेट लिए। इसके अलावा एक बल्लेबाज रनआउट भी हुआ। ओवर में मलिक ने एक भी रन नहीं दिए। हैदराबाद की टीम 10-15 रन पीछे रह गई।
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3. पंजाब की खराब फिल्डिंग: पंजाब ने फील्ड में खराब प्रदर्शन किया। उसने कई रन तोहफे में दे दिए। रनआउट के मौके गंवाए। 14वें ओवर की तीसरी गेंद पर एडेन मार्कराम को आसान जीवनदान मिला। पंजाब के फील्डर उन्हें रनआउट नहीं कर सके। बाद में मार्कराम ने 27 गेंदों पर नाबाद 41 रन बनाकर टीम को जीत दिला दी।
केन विलियमसन से हाथ मिलाते शिखर धवन
- फोटो : IPL/BCCI
दोनों कप्तानों का कैसा रहा प्रदर्शन?
कार्यवाहक कप्तान शिखर धवन के लिए यह मैच खास नहीं रहा। टॉस हारने के बाद उन्हें पहले बल्लेबाजी करनी पड़ी। 11 गेंद पर आठ रन बनाकर उन्होंने अपना विकेट गंवा दिया। फिल्डिंग के दौरान लंबे समय बाद कप्तानी करने का असर उन पर दिखा। वे कुछ मौकों पर सही जगह पर खिलाड़ियों को सेट नहीं कर सके। दूसरी ओर, केन विलियमसन की बात करें तो उन्होंने भी बल्ले से निराश किया। नौ गेंद पर तीन रन बनाकर आउट हो गए। फिल्डिंग के दौरान विलियमसन ने गेंदबाजों का बदलाव सही तरीके से किया। इसका फायदा उन्हें मिला। पंजाब के विकेट नियमित अंतराल पर गिरे।
लियाम लिविंगस्टोन
- फोटो : IPL/BCCI
पंजाब के लिए मैच में क्या-क्या हुआ?
सकारात्मक पक्ष: बल्लेबाजी में लियाम लिविंगस्टोन ने एक बार फिर से शानदार प्रदर्शन किया। उन्होंने 33 गेंद पर 60 रनों की धमाकेदार पारी खेली। गेंदबाजी में अनुभवी कगिसो रबाडा और राहुल चाहर ने प्रभावित किया। दोनों ने विकेट निकाले और रन भी कम दिए।
नकारात्मक पक्ष: टीम के लिए इस मैच में सकारात्मक से ज्यादा नकारात्मक पक्ष रहे। शीर्ष क्रम में धवन, प्रभसिमरन और बेयरस्टो फेल रहे। जितेश शर्मा ने इस मैच में निराश किया। शाहरुख खान ने 28 गेंदों पर 26 रनों की धीमी पारी खेली। ओडियन स्मिथ एक बार फिर से बल्लेबाजी और गेंदबाजी में फेल रहे। युवा वैभव अरोड़ा, अर्शदीप सिंह और लियाम लिविंगस्टन ने जमकर रन लुटाए।
हैदराबाद के लिए मैच में क्या-क्या हुआ?
सकारात्मक पक्ष: भुवनेश्वर कुमार, जे सुचित और उमरान मलिक ने शानदार काम किया। भुवनेश्वर और उमरान ने मिलकर सात विकेट निकाले। सुचित एक विकेट लेकर किफायती रहे। बल्लेबाजी में अभिषेक शर्मा, राहुल त्रिपाठी, एडेन मार्कराम और निकोलस पूरन ने उपयोगी पारियां खेलीं। चारों ने मिलकर रन चेज को आसान बनाया और टीम को जीत तक पहुंचाया।
नकारात्मक पक्ष: गेंदबाजी में यॉर्कर किंग नटराजन महंगे साबित हुए। उन्होंने चार ओवर में 38 रन लुटाए। उन्हें एक ही सफलता मिली। मार्को यानसेन भी महंगे साबित हुए। बल्लेबाजी में कप्तान केन विलियमसन एक बार फिर से फेल रहे। वे सीजन में अब तक अपनी प्रतिष्ठा के अनुरुप बड़ी पारी नहीं खेल पाए हैं।