शारजाह एशिया कप (1985) की खिताबी जीत में मुख्य भूमिका निभाने वाले बल्लेबाज विकेटकीपर सुरेंद्र खन्ना के 28 वर्षीय इकलौते बेटे मन्नत खन्ना का शनिवार रात निधन हो गया। बताया जाता है कि मन्नत का निधन दिल का दौरा पड़ने से हुआ है। सुरेंद्र की एक विवाहित बेटी महक भी है।
सुरेंद्र ने लोधी शमशान घाट पर बेटे को मुखाग्नि दी। मन्नत को श्रद्धांजलि देने के लिए पूर्व टेस्ट क्रिकेटर मदन लाल, चेतन शर्मा, गुरशरण सिंह, अजय शर्मा के अलावा वेंकटसुंदरम, हरि गिडवानी और राजकुमार शर्मा सहित कई क्रिकेटर पहुंचे। कुछ ही वर्षों में सुरेंद्र के लिए यह दूसरा दिल को दहलाने वाला निजी आघात है। इससे पहले उनकी पत्नी का लंबी बीमारी के चलते निधन हो गया था।