विश्व क्रिकेट पर अपनी धाक जमी चुकी भारतीय टीम से प्रेरणा लेते हुए ‘ए’ टीम ने भी दक्षिण अफ्रीका में खेले गए त्रिकोणीय वनडे सीरीज में ऑस्ट्रेलिया ‘ए’ को 50 रन से हराकर खिताब जीत लिया।
प्रिटोरिया में खेले गए मैच भारत की पूरी टीम पहले बल्लेबाजी करते हुए चार गेंद शेष रहते महज 243 रन पर सिमट गई।
जवाब में रनों से भरपूर इस विकेट पर गेंदबाजों ने जबरदस्त प्रदर्शन करते हुए ऑस्ट्रेलियाई टीम को भी 46.3 ओवर में ही मात्र 193 रन पर ढेर कर दिया। सीरीज में भारत की ऑस्ट्रेलिया पर मिली यह पहली जीत है।
टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय ‘ए’ टीम की शुरुआत हालांकि खराब रही और ओपनर रोहित शर्मा मात्र छह रन बनाकर आउट हो गए।
कप्तान चेतेश्वर पुजारा भी नाकाम रहे और मात्र एक रन बनाकर चलते बने। ऐसे में जबरदस्त फॉर्म में चले रहे शिखर धवन (62) और दिनेश कार्तिक (73) ने तीसरे विकेट के लिए 108 रन की साझेदारी कर टीम को संभाला।
हालांकि इन दोनों के अलावा बाकी बल्लेबाज ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाजों खासकर जोस हेजलवुड (3-31) और नाथन काउल्टर नाइल (3-35) के आगे हिम्मत नहीं दिखा सके और जल्दी-जल्दी पेवेलियन लौट गए।
अंबाती रायडू ने 34 और रिद्धिमान साहा ने 31 रन का योगदान किया। जवाब में लक्ष्य का पीछा करने उतरी ऑस्ट्रेलिया ‘ए’ की भी शुरुआत खराब रही और 88 रन तक ही उसके सात बल्लेबाज आउट हो गए।
पार्ट टाइम गेंदबाज सुरेश रैना और तेज गेंदबाज मोहम्मद समी ने शीर्षक्रम को बांधे रखा और उन्हें कभी खुलने नहीं दिया।
रैना भले एक ही विकेट लेने में सफल रहे लेकिन मात्र चार गेंदबाजों के साथ खेलने उतरी भारतीय टीम के लिए 10 ओवर की अपनी स्पेल मात्र 33 रन खर्च कर टीम के लिए संजीवनी का काम किया।
ऑस्ट्रेलियाई टीम के लिए टिम पेनी ने 47 रन की पारी खेल कुछ उम्मीद जगाई लेकिन सादाब नदीम ने बोल्ड कर ऑस्ट्रेलियाई की आखिरी उम्मीद भी खत्म कर दी।
नदीम ने तीन और समी ने दो विकेट लेकर टीम की जीत में अहम भूमिका निभाई।