चोटिल शुभमन गिल की जगह बीसीसीआई पृथ्वी शॉ और देवदत्त पडीक्कल को इंग्लैंड नहीं भेजेगा। बीसीसीआई के सूत्रों ने गोपनीयता की शर्त पर समाचार एजेंसी पीटीआई को इस बात की जानकारी दी। उन्होंने कहा, 'पृथ्वी श्रीलंका में ही रहेगा और 26 जुलाई तक सीमित ओवरों के मैचों में खेलेगा। उसे चुना गया है और उसे वह जिम्मेदारी निभानी चाहिए।' उन्होंने कहा, 'श्रीलंका श्रृंखला समाप्त होने के बाद संभावनाओं को तलाशा जाएगा लेकिन अभी ऐसा कुछ नहीं है।'
गौरतलब है कि भारतीय टीम प्रबंधन ने 28 जून को अपने प्रशासनिक मैनेजर गिरीश डोंग्रे के जरिए इन दोनों सलामी बल्लेबाजों को भेजने के लिए कहा था। चयनसमिति के अध्यक्ष चेतन शर्मा ने हालांकि दो दिन पहले तक इस मेल का आधिकारिक जवाब नहीं भेजा था। चयनसमिति किसी अन्य बल्लेबाज को इंग्लैंड भेजने के मूड में नहीं है क्योंकि चार सलामी बल्लेबाज पहले ही टीम में हैं। बता दें कि टीम प्रबंधन इसलिए दो सलामी बल्लेबाजों को चाहता है क्योंकि वे अभिमन्यु ईश्वरन की तकनीक से प्रभावित नहीं हैं। रिपोर्टों के मुताबिक, वह टीम के थ्रोडाउन विशेषज्ञ राघवेंद्र का सामना करने में भी खुद को सहज नहीं पाते हैं।
शुभमन गिल पिंडली में चोट के कारण इंग्लैंड के खिलाफ खेली जाने वाली पांच टेस्ट मैचों की सीरीज से बाहर हो गए हैं। भारत और इंग्लैंड के बीच शुरू हो रही टेस्ट सीरीज का पहला मुकाबला 4 अगस्त को ट्रेंट ब्रिज नॉटिंघम में खेला जाएगा। गिल के चोटिल होने के बाद इंग्लैंड के खिलाफ आगामी टेस्ट सीरीज में टीम इंडिया की तरफ से रोहित के साथ पारी का आगाज कौन करेगा इस विषय लगातार बहस जारी था। भारतीय टीम प्रबंधन ने मयंक अग्रवाल, केएल राहुल और अभिमन्यु ईश्वरन की 20 सदस्यीय टीम में उपस्थिति के बावजूद अतिरिक्त सलामी बल्लेबाज को टीम के साथ जोड़ने का फैसला किया था। बता दें कि भारतीय खिलाड़ी 14 जुलाई को लंदन में एकत्रित होंगे, जहां से वे दो सप्ताह के अभ्यास शिविर और 'सलेक्ट काउंटी इलेवन' के खिलाफ प्रथम श्रेणी मैच के लिए डरहम जाएंगे।