भारत ए टीम बुधवार को जब हुबली में वेस्टइंडीज ए के खिलाफ केएससीए स्टेडियम में तीसरा गैरआधिकारिक टेस्ट मैच खेलने उतरेगी तो उसके सामने सीरीज बचाने की चुनौती होगी।
तीन चार दिवसीय गैर आधिकारिक टेस्ट मैचों की सीरीज में भारत ए टीम 0-1 से पीछे चल रही है।
वेस्टइंडीज ए ने मैसूर में खेला गया पहला मैच अपने नाम किया था जबकि शिमोंग में खेला गया दूसरा मैच ड्रॉ रहा था।
इस आखिरी टेस्ट मैच में विस्फोटक ओपनर वीरेंद्र सहवाग, गौतम गंभीर और कप्तान चेतेश्वर पुजारा पर भी निगाहें रहेगी। सहवाग और गंभीर अब तक बुरी तरह से नाकाम रहे हैं।
दूसरे टेस्ट मैच में भारत ए की हार का एक बड़ा कारण इन स्टार बल्लेबाजों का खराब फार्म भी था।
खराब फॉर्म के कारण ही ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ आगामी सात वनडे मैचों की सीरीज के लिए भी इन तीनों खिलाड़ियों के नामों पर विचार नहीं किया गया। यह मैच खासतौर पर सहवाग और गंभीर के लिए कड़ी चुनौती है क्योंकि दिल्ली के ये दोनों बल्लेबाजों पिछले काफी समय से भारत की टेस्ट और वनडे टीम से बाहर चल रहे हैं।
कुछ यही हार मीडियम पेसर जहीर खान का भी है जो राष्ट्रीय टीम में वापसी के लिए संघर्ष कर रहे हैं। फ्रांस में स्पेशल ट्रेनिंग करके लौटे जहीर इस सीरीज में उम्मीदों के अनुरूप प्रदर्शन नहीं कर सके हैं।
भारतीय टीम को बड़ौदा के स्पिनर भार्गव भट से काफी उम्मीदें हैं जिन्होंने दूसरे मैच में 10 विकेट अपने नाम किए थे।
जम्मू-कश्मीर के स्पिनर परवेज रसूल ने भी अपने प्रदर्शन से प्रभावित किया है। मैच में आलराउंडर पारस डोगरा, मध्यक्रम के बल्लेबाज शेल्डोन जैक्सन और मुंबई के तेज गेंदबाज धवल कुलकर्णी को अंतिम एकादश में मौका दिया जा सकता है।