मुजफ्फरनगर के छपार में देहरादून से शादी समारोह से लौट रहे साकेत कॉलोनी निवासी क्रिकेट कोच की कार नेशनल हाईवे के डिवाइडर से टकरा गई। हादसे में कोच के साथ ही उनकी बहन और ममेरे भाई की मौत हो गई। हादसे में घायल कोच की पत्नी को दिल्ली रेफर किया गया है, जहां उनकी हालत नाजुक बनी हुई है। कार सवार कोच का नौ वर्ष का बेटा सकुशल बच गया।
सिविल लाइन के साकेत कॉलोनी निवासी विकास शर्मा (45) पुत्र रामकुमार शर्मा मुजफ्फरनगर के स्पोर्ट्स स्टेडियम में क्रिकेट कोच पद पर तैनात थे। शुक्रवार शाम विकास अपनी कार से अपनी पत्नी स्वाति (40), बहन मंजू (50), ममेरे भाई संजय शर्मा (44) और नौ वर्षीय वर्षीय बेटे केशव के साथ ताऊ की पौत्री की शादी में शामिल होने के लिए देहरादून गए थे। शादी समारोह से विकास रात में ही घर के लिए चल दिए। शुक्रवार की देर रात करीब तीन बजे दिल्ली-देहरादून हाईवे पर बढेड़ी चौराहे के पास उनकी कार डिवाइडर से टकराती हुई मोतीझील की पुलिया से टकरा गई। टक्कर लगने से कार के परखचे उड़ गए। दुर्घटना में कार चला रहे विकास शर्मा की मौके पर ही मौत हो गई। किसी राहगीर ने हादसे की सूचना पुलिस कंट्रोल रूम को दी। पुलिस ने घायल स्वाति, मंजू, संजय और केशव को अस्पताल भेजा। अस्पताल में चिकित्सकों ने मंजू और संजय को मृत घोषित कर दिया। स्वाति को पहले मेरठ और फिर बाद में दिल्ली के लिए रेफर कर दिया गया। स्वाति शहर के सर्कुलर रोड स्थित एमजी पब्लिक स्कूल में अध्यापिका हैं। कोच के दोस्त शहर की गऊशाला रोड निवासी अनुपम यादव ने मामले की इत्तफाकिया रिपोर्ट छपार थाने में दर्ज कराई है। पुलिस ने विकास, मंजू और संजय के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। कोच और उनकी बहन के शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया।