जैसलमेर पुलिस अधीक्षक गौरव यादव
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सोते वक्त बाल काटने की अफवाहों के चल रहे दौर के बीच पुलिस और जिला प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान नहीं दें।
सरहदी जिले जैसलमेर में हाल ही में कुछ दिनों से औरतों एवं पुरूषों के बाल काटने की घटनाओं के बारे में सोशल मीडिया पर चल रहे अफवाहों के दौर पर पुलिस प्रशासन ने पहली बार अपनी राय रखी है। जब इस बारे में संबंधित थानों में पता किया गया तो पुलिस ने इन घटनाओं को बेबुनियाद बताया क्योंकि ऐसी घटनाओं के बारे में अन्य कोई तथ्य सामने नहीं आया है। पुलिस के अनुसार लोगों के शरीर पर चिन्ह बनाने जैसे काम तो सड़क के किनारे सोने वाले व्यक्तियों के शरीर पर आसानी से बनाए जा सकते है।
जैसलमेर पुलिस अधीक्षक गौरव यादव ने समस्त जिलेवासियों से अपील की है कि अंधविश्वास को पनपाने वाली भ्रामक बातों पर विश्वास ना करें। यह घटनाऐं किसी व्यक्ति द्वारा स्वयं को सोशल मीडिया पर प्रचलित करने के लिए भी की जा सकती है। जैसे गांव चेलक में व्यक्ति स्वयं द्वारा बाल काटकर अपने दोस्तों द्वारा फोटो को सोशल मीडिया पर वायरल किया गया। इसलिए किसी भी प्रकार अफवाह पर विश्वास ना करें। यदि किसी को कोई संदिग्ध व्यक्ति ऐसी घटना करने की कोशिश करते हुए दिखे या झूठी अफवाह फैलाने की कोशिश करे तो उसकी जानकारी अपने नजदीकी थाना एवं पुलिस कंट्रोल को दें।
गौरतलब है कि राजस्थान के बीकानेर, जैसलमेर, बाड़मेर, जोधपुर आदि जिलों के ग्रामीण इलाकों में इस तरह की अफवाह फैल रही है।