कानपुर। मनोरंजन कर विभाग इस समय चार सौ केबल ऑपरेटरों के खिलाफ मुकदमे तैयार करने में जुटा है। सभी आठ मनोरंजन कर इंसपेक्टर इन केबल ऑपरेटरों के खिलाफ सीएमएम कोर्ट में मुकदमे दाखिल करने को एक तय प्रोफार्मा भर रहे हैं। कई बार नोटिस देने के बावजूद साढ़े तीन लाख उपभोक्ताओं को रजिस्ट्रेशन कार्ड न देने पर यह कार्रवाई हो रही है। सहायक मनोरंजन कर आयुक्त महेंद्र सिंह ने सभी मनोरंजन कर इंसपेक्टरों को भी लापरवाही पर प्रतिकूल प्रविष्टि देने की संस्तुति मनोरंजन कर आयुक्त से की है।
उत्तर प्रदेश केबल टेलीविजन नेटवर्क प्रदर्शन नियमावली 1997 के नियम छह के अनुसार हर केबल ऑपरेटर को उपभोक्ता को रजिस्ट्रेशन कार्ड देना अनिवार्य है। सहायक मनोरंजन कर आयुक्त ने पिछले माह सभी 414 केबल ऑपरेटरों को नोटिस भेजकर 29 फरवरी तक हर उपभोक्ता का तीन प्रति में रजिस्ट्रेशन कार्ड बनाने को कहा था।
इसमें उपभोक्ता का नाम, पता, टेलीफोन, उससे हर माह लिए जाने वाले पैसे का ब्योरा और हर माह पैसा भुगतान के समय उपभोक्ता के हस्ताक्षर होना जरूरी है। कार्ड की एक प्रति उपभोक्ता, दूसरी प्रति रिकार्ड के लिए ऑपरेटर और तीसरी प्रति मनोरंजन कर विभाग में रहेगी। हर रजिस्ट्रेशन कार्ड मनोरंजन कर विभाग के इंसपेक्टर से सत्यापित होगा। उपभोक्ता से पैसा लेते समय उसे रसीद भी देनी होगी।
सहायक आयुक्त ने बताया कि अभी तक सिर्फ 12-14 ऑपरेटरों ने ही रजिस्ट्रेशन कार्ड बनवाए हैं। इसलिए बाकी के करीब चार सौ ऑपरेटरों के खिलाफ सीएमएम कोर्ट में मुकदमे दाखिल कराने के लिए इंसपेक्टर प्रोफार्मा तैयार कर रहे हैं। एक सप्ताह के अंदर सभी के खिलाफ मुकदमे दायर हो जाएंगे। इस समय जिले में केबल ऑपरेटरों से तीन लाख 59 हजार एक्टिव उपभोक्ता है। करीब 75 हजार उपभोक्ता किसी न किसी कारण से इन एक्टिव हैं।