मुख्य सचिव अंशु प्रकाश से मारपीट मामले में मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री सहित 11 अन्य विधायकों के खिलाफ मुकदमा शुरू होने से पहले ही धराशायी होने के आसार बन गए हैं।
मामले में मुख्य गवाह एवं मुख्यमंत्री के निजी सचिव बिभव कुमार ने पुलिस की कहानी पर सवाल खड़े कर और केजरीवाल के समर्थन में बयान जारी कर इसकी शुरुआत कर दी है।
घटना के बाद पुलिस ने मुख्यमंत्री के सलाहकार रहे वीके जैन को मुख्य गवाह मानते हुए अदालत में गवाही करवाई थी। तभी से यह लगने लगा था कि मामले को जिस प्रकार तेजी से उछाला जा रहा है, क्या वह उसी प्रकार अदालत में टिक पाएगा।
इस मामले में एक मात्र मुख्य गवाह स्वयं पीड़ित है। इसके अलावा पुलिस ने बिभव व वीके जैन के अलावा विवेक यादव है, जो मुख्यमंत्री के राजनीतिक सचिव हैं।