बाइक पर सवार 75 कमांडो पर हुई फूलों की बारिश।
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दिल्ली के इंडिया गेट से नौ मार्च को बाइक से रवाना हुई सीआरपीएफ की 75 महिला कमांडो गुरुवार को बस्तर के प्रवेश द्वार केशकाल पहुंची। केशकाल पहुंचने पर महिला कमांडो के ऊपर फूलों की बारिश कर भव्य स्वागत किया गया। इसके साथ ही सभी महिला कमांडो को तिरंगा झंडा भी भेंट किया गया।
बस्तर का प्रवेश द्वार कहे जाने वाले केशकाल से 75 महिला कमांडो की बाइक का काफिला जगदलपुर की ओर रवाना किया गया। महिला कमांडो की यह टीम 25 मार्च को जगदलपुर में सीआरपीएफ के 84 स्थापना दिवस कार्यक्रम में आयोजित परेड में शामिल होंगी। जहां वह कई करतब दिखाती हुई नजर आएंगी। कार्यक्रम नक्सलियों के गढ़ होने के कारण यहां बाइकर्स के लिए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। आजादी के 75वें महोत्सव में केंद्रीय रिजर्व बल की 75 महिला बाइक से नौ मार्च को दिल्ली के इंडिया गेट से जगदलपुर के लिए निकली हैं। 1848 किलोमीटर की बाइक रैली ने पांच राज्यों को कवर किया है। जो रोजाना 300 किलोमीटर का सफर तय कर रही हैं। महिला सशक्तिकरण का संदेश देते हुए महिला कमांडो की टीम धुर नक्सलगढ़ माने जाने वाले बस्तर पहुंच रही है।
ज्ञात हो कि 75 महिला कमांडो छत्तीसगढ़ की तीन बेटियां भी शामिल है, जिसमें बस्तर की एक बेटी राजुरगांव की सारा कश्यप है, स्वागत में मुख्य रूप से छत्तीसगढ़ उर्दू अकादमी बोर्ड के सदस्य सगीर अहमद कुरेशी, छत्तीसगढ़ प्रदेश युवा कांग्रेस महासचिव श्रीपाल कटारिया, आईटी सेल जिला अध्यक्ष रवि गोयल, एनएसयूआई जिला अध्यक्ष शुभम राणा, टिकेश सिंहा, शरीफ भाई, गोलू ध्रुव, महेंद्र गुप्ता उपस्थित रहे।