सक्ती जिले मे रोजाना एक न एक गोवंशों के साथ लगातार सड़क दुर्घटनाएं हो रही हैं। कई हादसों में लोगों और गोवंशों की मौत हो चुकी है। सड़क हादसों को रोकने के लिए गौ सेवा समिति सक्ती और यातायात पुलिस ने गोवंशों को रेडियम बेल्ट पहनाया है। गौ सेवकों के साथ यातायात प्रभारी कमल किशोर महतो ने भी गोवंशों को रेडियम बेल्ट पहनाया। उन्होंने गौ सेवा समिति के सेवा कार्य की सराहना की और प्रशासन से रेडियम बेल्ट उपलब्ध कराने की बात कही।
गौरतलब है कि गौ सेवा समिति सक्ती विगत कई वर्षों से निस्वार्थ भाव से गौ सेवा कर रही है। समिति के गौ सेवक सड़क हादसों में घायल गोवंशों का इलाज करते हैं। उन्हें सुरक्षित जगह पर पहुंचाया जाता है, जहां उनकी देखरेख की जा सके। बीते दिनों जिला मुख्यालय के बेरीवाली मंदिर मार्ग में गौ सेवको के द्वारा 50 से अधिक गोवंशों को रेडियम बेल्ट बांधा था, ताकि सड़क दुर्घटनाओं मे कमी आ सके।
यातायात जिला प्रभारी सक्ती कमल किशोर महतो ने कहा कि गोवंशों की सुरक्षा करना हमारा प्रथम कर्तव्य है। आज देखा जा रहा है की गोवंशों को पशु पालकों के द्वारा खुला छोड़ देने से सड़क में वे अपना निवास बनाते जा रहे हैं, जिससे सड़क दुर्घटना बढ़ती जा रही है। गोवंश दुर्घटनाओं का शिकार हो रहे है। साथ ही छोटे वाहन चालक भी सड़क दुर्घटनाओं का शिकार हो रहे हैं, जिससे सैकड़ों लोगों की मृत्यु हो रही है। उन्होंने आम जनता से अपील की है कि गाय माता का स्वरूप है, उन्हें सड़कों मे खुला ना छोड़ें। आपके आसपास दुर्घटना होने पर तत्काल इसकी सूचना पशु धन विकास विभाग को और गौ सेवा समिति को दे।
गौ सेवा समिति सक्ती उपाध्यक्ष अनुराग चौबे ने लोगों से अपील की है कि आप सभी कम से कम एक रेडियम बेल्ट (रक्षा कवच) अपने पास के गोवंशों को बांधे, जिससे हम उन्हें रोड में होने वाले एक्सीडेंट से बचा सकते हैं। उन्होंने कहा कि रात में गोवंशों का एक्सीडेंट ज्यादातर देखने को मिलता है। क्योंकि रात में गोवंश रोड पर रहते हैं। गाड़ी चालक गोवंशों को दूर से नहीं देख पाते और गोवंश को टक्कर मारकर निकल जाते हैं। इस रेडियम बेल्ट की वजह से हम गोवंश का एक्सीडेंट होने से बचा सकते हैं। किसी भी प्रकार से मदद कर हम गौमाता को सुरक्षित कर सकते हैं। आपका छोटा सा योगदान गोवंश को सुरक्षित रख सकता है।
गौ सेवा समिति समिति सक्ती के संस्थापक मयंक सिंह ने बताया कि यह पहली बार है कि समिति को किसी प्रशासनिक अधिकारी के द्वारा समिति की मदद करने की बात कही गई है। उन्होंने पूरी यातायात टीम को सहयोग के लिए धन्यवाद कहा।