एआईसीसी मीडिया को-ऑर्डिनेटर राधिका खेरा ने शनिवार को प्रदेश कांग्रेस कार्यालय राजीव भवन रायपुर में पूर्व की बीजेपी सरकार पर जमकर बरसीं। उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस में आरोप लगाते हुए कहा कि रमन सरकार के 15 साल के कुशासन और गलत नीतियों की वजह से छत्तीसगढ़ की अर्थव्यवस्था चरमरा गई थी। बेरोजगारी, भ्रष्टाचार, कुपोषण, वादाखिलाफी हर सीमा लांघ दी थी। हर वर्ग त्रस्त और परेशान था। इसीलिये 2018 में प्रदेश की जनता ने बीजेपी और रमन सिंह के पाप के घड़े को फोड़ने का काम किया और कांग्रेस की सरकार बनाई। पांच साल पहले छत्तीसगढ़ में एयरपोर्ट पर उतरते ही सबसे पहले नक्सलियों से डर लगता था। आज हम एयरपोर्ट पर उतरते हैं तो सबसे पहले दर्शन छत्तीसगढ़ महतारी और कौशल्या माता की होती है। आज छत्तीसगढ़ माता कौशल्या का मायका, प्रभु श्रीराम का ननिहाल, छत्तीसगढ़ महतारी और राम वन गमन से पहचाना जाता है।
उन्होंने कहा कि पिछले 5 साल में बीजेपी की केंद्र सरकार ने माता कौशल्या के मायके, प्रभु श्रीराम के ननिहाल के साथ सौतेला व्यवहार किया है, लेकिन जहां चाह है वहां राह है। छत्तीसगढ़ को बेरोजगारी, कुपोषण, भ्रष्टाचार, वादाखिलाफी से मुक्त कराने की इसी चाह के चलते कांग्रेस सरकार, भूपेश बघेल ने राह बनाने का काम किया है और प्रदेश को आगे ले जाने का काम किया है। आरोप लगाते हुए कहा कि धान का कटोरा कहे जाने वाले छत्तीसगढ़ के किसान के हाथ में भाजपा की रमन सरकार ने कटोरा थमाने का काम किया था। एक-एक दाना धान खरीदने का वादा किया था। धान की कीमत 2100 रू. प्रति क्विंटल देने का वादा किया था, 300 रू. प्रति क्विंटल बोनस देन का वादा किया था। रमन और इनके मंत्री बोलते थे कि किसान शराबी हैं, इसलिये आत्महत्या कर रहे हैं। भाजपा के 15 साल में 15 हजार से अधिक किसानों ने आत्महत्या की।
'बेरोजगारी दर आधे प्रतिशत सबसे कम'
एआईसीसी मीडिया को-ऑर्डिनेटर खेरा ने दावा करते हुए कहा कि रमन सरकार की गलत नीति के कारण विरासत में 22 प्रतिशत बेरोजगारी दर मिला था, लेकिन आज कांग्रेस सरकार 5 साल में छत्तीसगढ़ देश में बेरोजगारी दर आधा प्रतिशत सबसे कम है। बेरोजगारी भत्ता देने का काम किया जिसके तहत 1 लाख 32 हजार 730 बेरोजगार लोगों को बेरोजगारी भत्ता मिला है, जिसकी कुल राशि 183 करोड़ से ज्यादा है, जो सिर्फ 6 महीने के अंदर दिया है।
'रमन राज में महिलाएं असुरक्षित थीं'
खेरा ने आरोप लगाते हुए कहा कि प्रदेश में रमन सिंह सरकार में महिलाएं असुरक्षित थीं। हर दिन 3 बलात्कार की घटना होती थी, हर तीसरे दिन सामूहिक दुष्कर्म होता था। उस दौरान एनसीआरबी के अनुसार छत्तीसगढ़ 5वें नंबर पर था। झलियामारी आश्रम में 7-13 वर्ष के बच्चियों के साथ दुष्कर्म हुये थे। जब हमारी सरकार आई और मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रदेश की बागडोर संभाली, कांग्रेस सरकार ने महिलाओं की सुरक्षा को अधिक महत्व दिया। कड़े कानून, कड़ी कार्रवाई की। महिलाओं के खिलाफ जुर्म में 68 प्रतिशत की कमी आई। छत्तीसगढ़ महिला अत्याचार में 5वें नंबर से 17वें नंबर पर है। इतने कड़े कानून बनाये हैं कि महिलाओं के साथ छेड़छाड़ करेंगे तो उनको सरकारी नौकरी नहीं दी जाएगी। सरकार ने महिलाओं को सशक्त करने का काम किया है। गोधन न्याय योजना के साथ महिला समूहों को जोड़ने का काम किया।
'10 दिन का वादा था, 2 घंटे में पूरा किया'
राधिका खेरा ने कहा कि हमने हाथ में गंगाजल लेकर कसम खायी थी कि कांग्रेस की सरकार बनने पर 10 दिन के अंदर किसान का कर्ज माफ करेंगे। वादा 10 दिन का था लेकिन भूपेश बघेल ने मुख्यमंत्री बनते ही 2 घंटे के भीतर 19 लाख किसानों का 10 हजार करोड़ से अधिक का कर्ज माफ करने का काम किया। 10 दिन का वादा था 2 घंटे में पूरा किया। देश में अधिक धान की कीमत छत्तीसगढ़ की कांग्रेस सरकार देते है यहां भी वादे से अधिक किया। धान की कीमत 2500 रु. देने का वादा किया, लेकिन 2640 प्रति क्विंटल में धान खरीदा। मक्का खरीदने का वादा किया था 1700 रु. प्रति क्विंटल खरीद हम 1850 रु. में है। सोयाबीन 3500 प्रति क्विंटल, गन्ना 355 रु. प्रति क्विंटल, चना 4700 प्रति क्विंटल, रागी 3377 प्रति क्विंटल, कोदो कुटकी 3000 प्रति क्विंटल में खरीदी कर रहे है। जनजातीय क्षेत्र में रागी, कोदो कुटकी एमएसपी से खरीदने का काम किया। हमने वादा किया था कि 50 वनोपज की खरीदी करेंगे लेकिन 65 वनोपज खरीद रहे हैं। वनोपज की खरीदी के लिये केंद्र सरकार ने नंबर 1 का पुरस्कार दिया। देश में छत्तीसगढ़ सरकार 74 प्रतिशत वनोपज की खरीदी करती है।
वास्तविक सिंचाई में भी 20 प्रतिशत की वृद्धि की है। तेंदूपत्ता 2500 रू. मानक बोरा में खरीदा जाता था हमारी सरकार ने 4000 रू. मानक बोरा में खरीद रही है। 17 लाख से अधिक किसानों का 244 करोड़ से अधिक सिंचाई कर माफ किया।