सहायक शिक्षकों से क्रमोन्नत वेतनमान की वसूली पर बिलासपुर हाईकोर्ट ने रोक लगा दी है। जस्टिस नरेंद्र व्यास की एकल पीठ ने चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा की डिवीजन बेंच में पारित आदेश का हवाला देते हुए सहायक शिक्षकों की याचिका स्वीकार की है।
जिला जांजगीर चांपा के जनपद पंचायत जैजैपुर के अंतर्गत निवास करने वाले सहायक शिक्षक सचेंद्र लाल चंद्रा ,राधेलाल रात्रे, श्रीमती राजकुमारी सोनवानी, जागेश्वर सिंह सिदार, गोरेलाल खैरवार ,सम्मेलाल अशोक कुमार कंवर ने अधिवक्ता अब्दुल वहाब खान के माध्यम से हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। उन्होंने बताया कि वे सहायक शिक्षक के पद पर जैजैपुर के अंतर्गत विभिन्न शासकीय स्कूलों में कार्यरत हैं। उनको लगभग 16 वर्षों से भी अधिक की सेवा अवधि पूर्ण करने के बाद भी पदोन्नति एवं उच्च वेतनमान से वंचित रखा गया था। बाद में जनपद पंचायत जैजैपुर ने 19 अक्टूबर .2015 को आदेश जारी कर जैजैपुर ब्लॉक में कार्यरत शिक्षक पंचायत संवर्ग के सहायक शिक्षकों का क्रमोन्नत वेतनमान स्वीकृत कर विकासखंड शिक्षा अधिकारी जैजैपुर को वेतन देने हेतु आदेशित किया था। लेकिन वेतनमान देने के बाद वापस जमा करने संबंधी वसूली आदेश जारी कर दिया गया। इस आदेश को हाईकोर्ट में चुनौती दी गई थी।