Bijapur-Sukma Naxalite attack: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सुकमा एवं बीजापुर जिले की सीमा पर स्थित ग्राम टेकलगुड़ेम (थाना जगरगुंडा,सुकमा) में नक्सली मुठभेड़ की कड़ी निन्दा की है। उन्होंने इस घटना में वीरगति प्राप्त करने वाले 3 जवानों की शहादत पर गहरा दुःख प्रकट किया है। साय ने शहीद जवानों की आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना की और शोकाकुल परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त की। उन्होंने मुठभेड़ में घायल 15 जवानों के समुचित इलाज की व्यवस्था करने के निर्देश दिए हैं। उनके शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना की है। कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी ने भी घटना की निंदा की है। गांधी ने कहा कि सभ्य समाज में हिंसा और आंतक के लिए कोई जगह नहीं है।
बीजापुर-सुकमा सीमा पर जोनागुड़ा और अलीगुड़ा के पास नक्सलियों के साथ गोलीबारी में तीन जवान बलिदान हो गए। वहीं 15 जवान घायल हैं। घायल जवानों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। यह वही जगह है जहां 2021 में 23 जवानों की जान गई थी।
नक्सलियों ने टेकुलगुडम कैंप पर मंगलवार सुबह अचानक से हमला कर दिया। इस घटना में सीआरपीएफ, एसटीएफ, कोबरा, डीआरजी के कुल 18 जवान घायल हुए हैं, जिसमें से तीन जवान बलिदान हो गए। घायल जवानों को चोपर से जगदलपुर मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। चार जवानों की हालत गंभीर है, जिन्हें रायपुर रेफर किया गया है। नारायणा हॉस्पिटल रायपुर और बालाजी हॉस्पिटल रायपुर में इलाज चल रहा है। कोबरा बटालियन और डीआरजी के जवानों के साथ अब भी मुठभेड़ जारी है।
घायल जवानों ने बताया कि सुकमा पुलिस ने टेकुलगुडम में सुरक्षाबल के जवानों आज ही नया कैंप खोला है। कैंप के पास जोनागुडा-अलीगुडा की ओर एसटीएफ और डीआरजी के जवान गस्त सर्चिंग पर निकले थे। नक्सलियों ने टेकुलगुडम कैंप पर अचानक से हमला कर दिया। इस घटना में कुल 18 जवान घायल हुए, जिसमें से तीन जवान बलिदान हो गए। घायल जवानों को चोपर से जगदलपुर मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। चार जवानों की हालत गंभीर है, जिन्हें रायपुर रेफर किया गया है। कोबरा बटालियन और डीआरजी के जवानों के साथ अब भी मुठभेड़ जारी है।
घायल जवानों ने बताया कि सुकमा पुलिस ने टेकुलगुडम में सुरक्षाबल के जवानों आज ही नया कैंप खोला है। कैंप के पास जोनागुडा-अलीगुडा की ओर एसटीएफ और डीआरजी के जवान गस्त सर्चिंग पर निकले थे। इस दौरान नक्सलियों ने फायरिंग कर दी। जवानों ने भी फायरिंग का मुंहतोड़ जवाब देते हुये जवाबी कार्रवाई की। सुरक्षा बल के बढ़ते दबाव को देखकर नक्सली जंगल की आड़ लेकर भाग निकाले।
इन जवानों की हुई शहादत
- आरक्षक देवन सी., 201 कोबरा
- आरक्षक पवन कुमार, 201 कोबरा
- आरक्षक लाम्बधर सिन्हा, 150 सीआरपीएफ
ये जवान हुए घायल
- लखवीर, डिप्टी कमांडेंट 201 कोबरा
- राजेश पंचाल, असिस्टेंट कमांडेंट 201 कोबरा1
- खेडकर रामदास, प्रधान आरक्षक 201 कोबरा
- अखिलेश यादव, प्रधान आरक्षक 201 कोबरा
- हरेन्द्र सिंह, प्रधान आरक्षक 201 कोबरा
- मोहम्मद ईरफान, प्रधान आरक्षक, 201 कोबरा
- गोपीनाथ बासुमताढी, आरक्षक 201 कोबरा
- मनोज नाथ, आरक्षक 201 कोबरा
- विकास कुमार, आरक्षक 201 कोबरा
- बेनूधर साहू, आरक्षक 201 कोबरा
- टी. मधुकुमार, आरक्षक 201 कोबरा
- मलकित सिंह, आरक्षक 201 कोबरा
- ई. वेंकटेश, आरक्षक 201 कोबरा
- अविनाश शर्मा, आरक्षक 201 कोबरा
- राउत ओमप्रकाश, आरक्षक 201 कोबरा