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किसानों पर मौसम की मार : अलर्ट के बाद भी नहीं जागा प्रशासन, मंडियों में खुले में पड़ा लाखों टन गेहूं भीगा

Sun, 18 Apr 2021 03:14 PM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लुधियाना (पंजाब)

सार

बरसात के कारण भीग चुके गेहूं को उठाने में अब खरीद एजेंसी जल्दबाजी नहीं करेगी। क्योंकि भीगा गेहूं सुखाना जरूरी होगा। ऐसे में दो से चार दिन तक उसे सूखने का इंतजार करना होगा। लेकिन जिन किसानों की फसल की बोली अभी तक नहीं हुई है और उनका गेहूं खुले में पड़ा है।
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बारिश में भीगता बोरी में बंद गेहूं। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
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प्रशासन के लापरवाह रवैये के कारण जगरांव मंडी में शनिवार को देर शाम हुई बारिश में खुले में पड़ा लाखों टन गेहूं भीग गया। गेहूं ढकने के लिए प्रशासन के पास पुख्ता इंतजाम नहीं थे, इसलिए बोरियों में बंद और खुले में पड़ा गेहूं भीगता रहा। बता दें कि लुधियाना स्थित पंजाब एग्रीकल्चरल यूनिवर्सिटी के मौसम विभाग ने 14 अप्रैल को अलर्ट जारी किया था, इसमें कहा गया था कि 18 अप्रैल तक पंजाब में बरसात के साथ तेज हवाएं चलेगी। हवाओं की गति 50 किलोमीटर प्रति घंटा से अधिक हो सकती है। लेकिन पीएयू के अलर्ट का प्रशासन ने संज्ञान नहीं लिया और शनिवार को शाम हुई बारिश से लाखों टन अनाज जगरांव की मंडी में भीग गया। 

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गौरतलब है कि शुक्रवार बाद दोपहर से मौसम का मिजाज बदल गया था। इस दौरान बरसात नहीं हुई लेकिन शनिवार को सुबह से आसमान में बादल छाए रहे और शाम ढलते ही आसमान में अंधेरा छा गया। लुधियाना की जगरांव मंडी में शाम 6:50 बजे शुरू हुई बारिश शाम 7:15 बजे तक जारी रखी। लगभग 25 मिनट हुई मूसलाधार बारिश से अनाज मंडी में खुले में पड़ा लाखों टन गेहूं भीग गया। समाचार लिखे जाने तक घने बादल छाए हुए थे और रात के समय भी भारी बारिश की आशंका जताई जा रही है। ऐसे में सवाल है कि प्रशासन ने गेहूं की ढकने के पुख्ता इंतजाम क्यों नहीं किए। 
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किसानों की बढ़ेगी परेशानी 
बरसात के कारण भीग चुके गेहूं को उठाने में अब खरीद एजेंसी जल्दबाजी नहीं करेगी। क्योंकि भीगा गेहूं सुखाना जरूरी होगा। ऐसे में दो से चार दिन तक उसे सूखने का इंतजार करना होगा। लेकिन जिन किसानों की फसल की बोली अभी तक नहीं हुई है और उनका गेहूं खुले में पड़ा है। उनके लिए एक नई मुसीबत खड़ी हो गई है। किसानों को अनाज मंडी में बैठकर फसल के सूखने का इंतजार करना होगा। 

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बरसात से बचाव के हमारी तरफ से पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। जहां कहीं बारिश होती भी है तो यह गर्मियों की बारिश है, ज्यादा नहीं होती है। भीगी फसल दो घंटे में सूख जाती है। लिफ्टिंग में किसानों को कोई परेशानी नहीं होगी। -सुखविंदर सिंह गिल, डीएफएससी लुधियाना।

फिरोजपुर में भी मंडी में पड़ा गेहूं भीगा
फिरोजपुर में भी शनिवार शाम पांच बजे के बाद तेज आंधी और बारिश से मंडियों में पड़ा गेहूं भीग गया। शहर की दाना मंडी में लगे गेहूं के ढेरों के आसपास बारिश का पानी इकट्ठा हो गया। किसानों का कहना है कि एक तो मंडियों में बारदाना नहीं है, दूसरे अगर मौसम साफ रहा तो गेहूं को सूखने में लगभग तीन दिन लगेंगे।

दर्शन सिंह व लक्ष्मण सिंह ने कहा कि किसान पिछले कई दिनों से गेहूं लाकर मंडियों में बैठे हैं। बारदाना न होने के कारण गेहूं के ढेर लगे हैं। वह दिन-रात गेहूं की रखवाली कर रहे हैं। शनिवार शाम तेज बारिश के कारण उनका गेहूं गीला हो गया। गेहूं को सूखने में लगभग तीन दिन लग जाएंगे, उसके बाद भी खरीद एजेंसियों के अधिकारी गेहूं खरीदने में आनाकानी करेंगे।

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