यूटी प्रशासन के चुनाव विभाग की ओर से शहर के बीस मतदाता केंद्रों के मतदाताओं को दी जाने वाली वोटर स्लिप में बार कोड होगा। ज्यादा मतदाताओं वाले केंद्रों पर चुनाव विभाग
इस बार प्रयोग के तौर पर बार कोड का इस्तेमाल कर रहा है। वोटर स्लिप पर बार कोड होने से मतदाताओं की पूरी जानकारी क्लिक करते ही तुरंत मिल जाएगी। इससे मतदान केंद्र में अगर लाइन भी लगती है तो वह तेजी से बढ़ेगी।
चुनाव आयोग के निर्देश पर पहली बार मतदाताओं के घर-घर तक वोटर स्लिप पहुंचाई जा रही है। जिन बीस मतदान केंद्रों में बार कोड के माध्यम से मतदाता का डाटा देखा जाएगा उन मतदाताओं की वोटर स्लिप पर बार कोड होगा।
इन मतदाताओं को अपने साथ यह सिल्प लानी होगी। चुनाव विभाग ने ऐसे 20 मतदान केंद्रों का चयन किया है जिनमें सबसे ज्यादा मतदाता हैं।
हर केंद्र पर होगा कंप्यूटर
इस बार हर मतदान केंद्र में कंप्यूटर होगा और मतदाता सूची कंप्यूटर पर देखी जाएगी। जैसे ही कोई मतदाता वोटर स्लिप लेकर जाता है उसकी एंट्री होगी और इसके बाद उसका विवरण आएगा।
उपायुक्त और चुनाव अधिकारी मोहम्मद शाईन ने कहा कि मतदाता सूची में बार कोड होने से यह फायदा होगा कि हमें एंट्री करने की जरूरत नहीं पड़ेगी। इस काम तेज होगा।
यह भी जानें...
लोकसभा चुनाव के लिए शहर में 519 मतदान केंद्र होंगे। मतदान केंद्र पर अधिकतम मतदाता 1600 ही रहेंगे। ऐसे में जिन मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की संख्या 1600 से ज्यादा थी वहां अतिरिक्त मतदान केंद्र बनाए गए हैं।
नए मतदान केंद्र धनास, किशनगढ़, इंडस्ट्रियल एरिया, राम दरबार, हल्लोमाजरा, डड्डूमाजरा, कजहेड़ी, पंजाब यूनिवर्सिटी, सेक्टर-31, 35, 38, 49 और 61 में बनाए गए हैं।