जवाब में नागर बताता है कि पांच करोड़ रुपये अश्वनी से ले लिए हैं और आप जहां कहोगे पहुंच जाएंगे। हालांकि, चेयरमैन यह भी सलाह देते हैं इन चीजों को मैसेज में जिक्र नहीं करते। इसके बाद डेंटल सर्जन की भर्ती पर भी मैसेज हुए। नागर ने बताया कि अभी नवीन से मिलने के बाद ही बताएगा। एचसीएस ज्यूडिशियल भर्ती में एडजेस्ट करने की बात कही गई है। इसके अलावा, चेयरमैन ये भी पूछ रहे हैं कि सीएम ऑफिस, सचिव या आयोग के मेंबर से तो भर्ती को लेकर संपर्क नहीं किया है। इस पर नागर ना में जवाब देते हैं। इस पूरी चैटिंग को पढ़ते हुए हुड्डा ने कहा कि क्या इस मामले की जांच नहीं होनी चाहिए। हुड्डा ने ये भी कहा कि वह नहीं कहते कि ये सच है या झूठ लेकिन इसकी जांच होनी चाहिए।
मैंने पिटारा खोला तो कई को परेशानी होगी: अभय यादव
इससे पहले, नांगल चौधरी से भाजपा के विधायक अभय यादव ने कहा कि वह 1982 से एचपीएससी को जानते हैं। इससे पहले यहां पर क्या-क्या होता था, वह सारा पता है। अगर मैंने पिटारा खोला और कहानियां बताई तो कई लोगों को परेशानी होगी। यादव ने अपना मोबाइल दिखाते हुए कहा कि उनके पास हुड्डा के समय की भर्ती की दो ओएमआर शीट हैं। इस पर जमकर हंगामा हुआ। इनेलो विधायक अभय चौटाला ने अभय यादव पर ही सवाल उठाए और सीएम से मांग की है कि इस मामले की जांच की जाए।
हुड्डा ने 7027460111 मोबाइल नंबर की व्हाट्सएप चैट की सार्वजनिक
भूपेंद्र हुड्डा ने विधानसभा में मोबाइल नंबर 7027460111 बताते हुए इसकी चैटिंग सार्वजनिक की। यह चैटिंग एचपीएससी के चेयरमैन और तत्कालीन उपसचिव अनिल नागर की बताई गई, जिसमें एचसीएस, डेंटल सर्जन और ज्यूडिशियल भर्ती का जिक्र है। डेंटल सर्जन भर्ती फर्जीवाड़े के आरोपी अश्वनी, नवीन के भी नाम लिखे हैं। नागर अश्वनी से 5 करोड़ रुपये लेने की बात स्वीकार रहा है। नागर को चेयरमैन ने बी केयरफुल रहने के लिए लिखा है। भर्तियों को लेकर अन्य मेंबर व सचिव के बारे में भी चेयरमैन अपडेट ले रहे हैं।