जेल प्रशासन ने अनोखी पहल के जरिए जेल में बंद कैदियों को सुधारने की पहल की है। इसके जरिए उन्हें सुधारने के साथ- साथ तनाव से मुक्त भी किया जाएगा।
दरअसल बी शांताराम की दो आंखें बारह हाथ और नरगिस अभिनीत मदर इंडिया जैसी क्लासिक व अर्थपूर्ण फिल्मों के अलावा हंसी से भरपूर बॉलीवुड फिल्में दिखाकर जेल के कैदियों को जहां सुधारने की कोशिश की जाएगी वहीं उन्हें तनाव से मुक्त भी किया जाएगा। इसके लिए पटियाला की सेंट्रल जेल में थियेटर खोला गया है। सूबे की यह पहली जेल है, जहां कैदियों के लिए थियेटर खुला है। यह प्रयोग सफल रहा तो जल्द पंजाब की सभी सेंट्रल जेलों में थियेटर खोले जाएंगे।
जेल में बंद कैदी अक्सर तनाव का शिकार होकर या तो आपस में लड़ बैठते हैं या अपने जीवन को खत्म करने जैसा कदम भी उठा लेते हैं। अब कैदियों को तनाव से मुक्त करने और सुधारने के लिए पटियाला की सेंट्रल जेल में कैदियों के लिए थियेटर खोला गया है। इसमें एक साथ 60 कैदी बैठकर फिल्म देख सकेंगे।