कांग्रेस जिला पार्षद मंदीप कौर गिल
गौरतलब है कि तीन दिसंबर को जिला परिषद पार्षदों ने जिप चेयरमैन गीता नांगली में अविश्वास जताते हुए डीसी जेके आभीर को ज्ञापन सौंपकर अविश्वास प्रस्ताव लाने की मांग की थी। इस पर डीसी ने अगले दिन एलान कर दिया था कि 12 दिसंबर को गीता के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पर वोटिंग कराई जाएगी।
अलग-अलग जगहों पर पैसे लेते किया गया दोनों पार्षदों को काबू
जानकारी के अनुसार, जिला परिषद चेयरमैन प्रतिनिधि कृष्ण नांगली से मंदीप कौर गिल व सुरजीत ओड कई दिनों से अविश्वास प्रस्ताव को लेकर मोलभाव कर रहे थे। कई दिनों की बातचीत के दौरान कृष्ण नांगली ने मामले की शिकायत स्टेट विजिलेंस को सौंप दी। इसके बाद स्टेट विजिलेंस टीम के कहे अनुसार नांगली ने कई पार्षदों को हिसार आकर टोकन मनी ले जाने को कहा।
दोपहर बाद पहले सुरजीत हिसार पहुंचे और दिल्ली रोड पर स्थित होटल चांद-सितारा पर नांगली से पैसे लेने पहुंच गए। जैसे ही उन्होंने नांगली से पैसे पकड़े, उसी समय विजिलेंस की टीम ने ओड को रंगे हाथों काबू कर लिया। दूसरी ओर जिप पार्षद मंदीप कौर को बस स्टैंड के पास से पैसे लेते काबू किया गया।
उपाध्यक्ष भुक्कर और जगदीश के नाम पर भी पैसे मांगने का आरोप
शिकायतकर्ता कृष्ण नांगली की मानें तो सुरजीत ओड ने जिला परिषद उपाध्यक्ष कमला भुक्कर व पार्षद जगदीश ओड के नाम के भी पैसों की डिमांड रखी थी। नांगली के अनुसार कमला भुक्कर व जगदीश ओड ने उनसे कहा था कि जितनी टोकन मनी सुरजीत ओड को दो, मुझे भी उतनी ही मिलनी चाहिए और सुरजीत के हाथ ही भिजवा देना। हालांकि, जिला परिषद उपाध्यक्ष कमला भुक्कर ने इन आरोपों से इनकार किया है। संपर्क किए जाने पर उन्होंने कहा कि वह फतेहाबाद में ही हैं। इस बारे में उनकी किसी से कोई बातचीत नहीं हुई है।
मुझे अभी मामले की जानकारी नहीं है। अगर किसी ने गलत काम किया है तो उसके खिलाफ कार्रवाई अवश्य होगी। - सुभाष बराला, बीजेपी प्रदेशाध्यक्ष।
मुझे आपके माध्यम से इसकी जानकारी मिली है। अगर कोई बीजेपी पार्षद या पदाधिकारी इस काम में संलिप्त पाया गया तो उसके खिलाफ रिपोर्ट हाईकमान को भेजी जाएगी और कड़ी से कड़ी कार्रवाई के लिए लिखा जाएगा। - वेद फुलां, बीजेपी जिलाध्यक्ष।