फेस्टिवल सीजन से पहले अगर आप सोना खरीदने की तैयारी कर रहे हैं तो जरा सोच संभलकर। सोने के रेट में अभी उतार-चढ़ाव चल रहा है। एक्सपर्ट्स का मानना है कि सोना अभी और बेहतर होगा।
हॉलमार्क
हॉलमार्क सोने की शुद्धता की गारंटी देता है। हालमार्क के बगैर सोना मत खरीदें। हॉलमार्क का निशान बिल और हरेक गहने पर होता है। 22 कैरेट का सोना है तो 916 अंकित होगा और 18 कैरेट गोल्ड है तो 750 अंकित होगा।
बिल है जरूरी
किसी भी दुकानदार से सोना खरीदें तो बिल जरूर लें। इसके बिना सोना खरीदेंगे तो आपको वापसी में परेशानी होगी। आप खुद के लिए तो मुश्किल पैदा करेंगे साथ ही आपकी भी मुसीबत हो जाएगी। बिना बिल के आप कंज्यूमर फोरम में नहीं जा सकते।
पालिसी जरूर पूछें
आप गोल्ड की खरीदारी में पालिसी जरूर पूछें। यह पूछें कि किस दाम पर सोना खरीदते हैं और किस दाम पर वापस लेते हैं।
ब्रांडेड सोना
सोने को हमेशा ब्रांडेड दुकान से ही लें। इससे आपको वापसी करते हुए कोई परेशानी न हो।
सोने के रेट
24 कैरेट-26450
22 कैरेट-25600
(रेट प्रति दस ग्राम हैं)
ब्रोकर के विचार सुनिए
फिलहाल न करें सोना-चांदी में निवेश
विक्सन सिक्योरिटीज सेक्टर-17 के वी कुमार का कहना है कि इस वक्त सोने और चांदी में निवेश करना ठीक नहीं है। यह नीचे आ सकता है। इसका कारण यह है कि डालर मजबूत हो रहा है।
जो हालात बने हैं उसको देखकर लगता है कि सोने पर निवेश कम लोग कर रहे हैं। कुल मिलाकर हालात मंदी जैसे बने हैं। दिवाली तक सोना 26,800 रुपये प्रति 10 ग्राम के स्तर तक पहुंच सकता है।
जरा इंतजार करें
ब्रोकर राजकुमार का कहना है कि सोना खरीदने के लिए आम आदमी को थोड़ा और इंतजार करना चाहिए। सोने में 200-300 की और गिरावट आने पर खरीदारी करनी चाहिए। ऐसा लग रहा है कि सोना दिवाली तक 26,500 रुपये प्रति 10 ग्राम के स्तर पर आ सकता है।
ज्वैलर्स की भी सुनिए
दिवाली का सीजन आ रहा है। सोना बॉटम पर है। यही मौका है सोने की खरीदारी का। पिछली बार से भी ज्यादा अच्छा मौका है। पिछली बार इसी समय 29,000 का रेट था। विदेशी फेस्टिवल के दौरान यह तेज हो सकता है। न्यू ईयर में यह तेज होगा।
-सूरज मोहन चौहान, ट्राइसिटी ज्वेलर्स, सेक्टर-23
सोने का रेट काफी नीचे आ चुका है। यह सही समय है कि खरीदारी की जाए। अब नवरात्र आने वाले हैं और सोना खरीदने का क्रेज सभी को है। ऐसी स्थिति में इसकी डिमांड बढ़ने की संभावना है। यह वही स्थिति होगी जब सोने का दाम एकबार फिर ऊंचाई पर जाएगा।
-दीपककृष्ण चौहान, प्रधान, पंचकूला ज्वेलर्स एसोसिएशन